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एनसीडीसी योजना के तहत 426 दुधारू गायों पर दिया अनुदान
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हल्द्वानी। केंद्र सरकार की ओर से संचालित नेशनल कोऑपरेटिव डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (एनसीडीसी) योजना के तहत पशुपालकों को 25 प्रतिशत अनुदान पर उन्नत नस्ल की गाय उपलब्ध कराई जा रही है। इस योजना के तहत डेयरी विकास विभाग उत्तराखंड को 2021-22 में 524 गायों पर सब्सिडी देने का लक्ष्य दिया गया था। डेयरी विभाग ने अभी तक 426 गायों की खरीद पर दो करोड़ अड़तीस लाख रुपये का अनुदान दिया है।
दुग्ध उत्पादन बढ़ावा देने के लिए डेयरी विकास विभाग एनसीडीसी योजना के तहत पशुपालकों को तीन गायों की खरीद के लिए 2.46 लाख और पांच गायों की खरीद के लिए 4.05 लाख रुपये का ऋण दिया जाता है। पशुपालकों को गंगा गाय महिला डेयरी योजना के तहत 19 प्रतिशत और एनसीडीसी योजना के तहत छह प्रतिशत अनुदान दिया जाता है। इसके अलावा जिला योजना के तहत जिले से 25 प्रतिशत का अनुदान दिया जाता है।
पशुओं के चारे पर मिल रही सब्सिडी
डेयरी विकास विभाग पशुओं के चारे पर भी पशुपालकों को अनुदान मुहैय्या करा रहा है। विभाग की तरफ से 24 किलोग्राम भूसा खरीद पर 50 प्रतिशत अनुदान दिया जाता है। इसके अलावा साइलेज, मिनरल मिक्सचर और प्रोवाइटिक्स की खरीद पर भी 50 प्रतिशत अनुदान दिया जाता है। संतुलित पशु आहार अनुदान के तहत पर्वतीय क्षेत्र की दुग्ध समितियों को पशु आहार खरीद पर प्रति किलो छह रुपये और मैदानी क्षेत्र की दुग्ध समितियों को पशुआहार खरीद पर प्रति किलो चार रुपये का अनुदान दिया जाता है।
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गंगा गाय महिला डेरी योजना का एनसीडीसी में विलय
2014 में राज्य सरकार की ओर से गंगा गाय महिला डेरी योजना की शुरूआत की गई थी। इस योजना के तहत पूर्व में महिला पशुपालकों को 52,000 की गाय खरीद पर अनुदान प्राप्त होता था। इसमें राज्य सरकार की ओर से 27,000 रुपये और बैंक ऋण के रूप में 20,000 रुपये प्राप्त होता था। लाभार्थी को 5000 रुपये अंशदान देना होता था। मगर अब गंगा गाय महिला डेरी योजना को 2019 में एनसीडीसी योजना में विलय कर दिया गया है।
कोट
गंगा गाय महिला डेरी योजना का एनसीडीसी योजना में विलय कर दिया गया है। एनसीडीसी योजना के तहत पशुपालकों को तीन और पांच दुधारू गायों की खरीद पर अनुदान दिया जा रहा है। - डीपी सिंह, उपनिदेशक, डेयरी विकास विभाग उत्तराखंड
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दुग्ध उत्पादन बढ़ावा देने के लिए डेयरी विकास विभाग एनसीडीसी योजना के तहत पशुपालकों को तीन गायों की खरीद के लिए 2.46 लाख और पांच गायों की खरीद के लिए 4.05 लाख रुपये का ऋण दिया जाता है। पशुपालकों को गंगा गाय महिला डेयरी योजना के तहत 19 प्रतिशत और एनसीडीसी योजना के तहत छह प्रतिशत अनुदान दिया जाता है। इसके अलावा जिला योजना के तहत जिले से 25 प्रतिशत का अनुदान दिया जाता है।
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पशुओं के चारे पर मिल रही सब्सिडी
डेयरी विकास विभाग पशुओं के चारे पर भी पशुपालकों को अनुदान मुहैय्या करा रहा है। विभाग की तरफ से 24 किलोग्राम भूसा खरीद पर 50 प्रतिशत अनुदान दिया जाता है। इसके अलावा साइलेज, मिनरल मिक्सचर और प्रोवाइटिक्स की खरीद पर भी 50 प्रतिशत अनुदान दिया जाता है। संतुलित पशु आहार अनुदान के तहत पर्वतीय क्षेत्र की दुग्ध समितियों को पशु आहार खरीद पर प्रति किलो छह रुपये और मैदानी क्षेत्र की दुग्ध समितियों को पशुआहार खरीद पर प्रति किलो चार रुपये का अनुदान दिया जाता है।
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गंगा गाय महिला डेरी योजना का एनसीडीसी में विलय
2014 में राज्य सरकार की ओर से गंगा गाय महिला डेरी योजना की शुरूआत की गई थी। इस योजना के तहत पूर्व में महिला पशुपालकों को 52,000 की गाय खरीद पर अनुदान प्राप्त होता था। इसमें राज्य सरकार की ओर से 27,000 रुपये और बैंक ऋण के रूप में 20,000 रुपये प्राप्त होता था। लाभार्थी को 5000 रुपये अंशदान देना होता था। मगर अब गंगा गाय महिला डेरी योजना को 2019 में एनसीडीसी योजना में विलय कर दिया गया है।
कोट
गंगा गाय महिला डेरी योजना का एनसीडीसी योजना में विलय कर दिया गया है। एनसीडीसी योजना के तहत पशुपालकों को तीन और पांच दुधारू गायों की खरीद पर अनुदान दिया जा रहा है। - डीपी सिंह, उपनिदेशक, डेयरी विकास विभाग उत्तराखंड