हल्द्वानी में दर्दनाक सड़क हादसा: डंपर ने बाप-बेटी को कुचला, युवती की मौके पर मौत; पिता गंभीर घायल
हल्दूचौड़ नेशनल हाईवे पर बृहस्पतिवार को डंपर की चपेट में आने से दोपहिया सवार युवती की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसके पिता गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों किच्छा क्षेत्र के निवासी हैं।
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हल्द्वानी शहर के हल्दूचौड़ नेशनल हाईवे पर बृहस्पतिवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में डंपर की चपेट में आने से दोपहिया वाहन सवार युवती की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसके पिता गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों किच्छा क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं। हादसा गायत्री शक्तिपीठ के पास पुलिस चौकी से कुछ ही दूरी पर हुआ।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पिता-पुत्री दोपहिया वाहन से हल्द्वानी की ओर से किच्छा जा रहे थे। इसी दौरान पीछे से आ रहे डंपर ने उनके वाहन को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि युवती की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसके पिता गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने दोनों को अपने कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई की। बताया जा रहा है कि डंपर चालक को हिरासत में ले लिया गया है। हालांकि, मृतका और घायल की पहचान सहित हादसे के अन्य विवरणों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।
लगातार हादसों से उठे सड़क सुरक्षा पर सवाल
हल्दूचौड़ क्षेत्र में नेशनल हाईवे पर लगातार हो रहे सड़क हादसों से सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि हाईवे पर तेज रफ्तार और भारी वाहनों की आवाजाही के साथ ही कई स्थानों पर मानकविहीन कट और विपरीत दिशा में वाहनों के संचालन की समस्या बनी हुई है। इससे दुर्घटनाओं का खतरा लगातार बढ़ रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, बृहस्पतिवार को हुआ हादसा पुलिस चौकी से महज कुछ कदम की दूरी पर हुआ। इसके बावजूद हाईवे पर यातायात नियंत्रण, मानकविहीन कटों की निगरानी और भारी वाहनों की गति पर अंकुश लगाने की व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
लोगों का कहना है कि हादसों के बाद कार्रवाई करने के साथ ही दुर्घटना संभावित स्थानों को चिह्नित कर वहां स्थायी सुरक्षा उपाय किए जाने चाहिए। हाईवे पर यातायात व्यवस्था दुरुस्त करने, भारी वाहनों की गति नियंत्रित करने और जोखिम भरे कटों को व्यवस्थित करने के लिए प्रभावी कदम उठाने की जरूरत है, ताकि भविष्य में ऐसे दर्दनाक हादसों को रोका जा सके।