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फीस न देने पर स्कूल में बच्चों को बंधक बनाया
Updated Wed, 25 Jul 2018 02:04 AM IST
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हल्द्वानी। फीस न देने पर ठंडी सड़क स्थित एक प्राइवेट स्कूल में बच्चों को बंधक बनाने की सूचना पर पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। स्कूल से लेकर चौकी तक ड्रामा चला तो पता चला कि अभिभावक बिना फीस जमा किए कार्ड लेकर चला गया था। बाद में स्कूल के कर्मचारियों ने बच्चों को घर तक छोड़ा था।
पार्षद गुफरान को लेकर मंगलवार दोपहर सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय पहुंचे लाइन नंबर दस निवासी रेहान मियां ने बताया कि उनके दो बच्चे ठंडी सड़क स्थित स्कूल में पढ़ते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि एक महीने की फीस जमा नहीं करने पर स्कूल प्रशासन ने बच्चों को बंधक बना लिया है। इसके बाद पार्षद के साथ वह भोटिया पड़ाव पुलिस चौकी पहुंचे। वहां प्रार्थनापत्र दिया। उपनिरीक्षक कुंदन रौतेला और सिपाही गौरव चौधरी स्कूल पहुंचे। पूछताछ से पता चला कि रेहान ने स्कूल में जाकर फीस कार्ड में नौ हजार फीस की इंट्री कराई लेकिन पैसा दिए बगैर चले गए। इसके बाद स्कूल की कर्मचारी ने रेहान को कॉल किया लेकिन उन्होंने फोन नहीं उठाया। स्कूल की प्रबंधक ने बताया कि बच्चों को तत्काल स्कूल से अध्यापिका और कर्मचारी घर छोड़ने गए थे। चूंकि कर्मचारी को फीस का पैसा भरना पड़ता। इसी कारण बच्चों के साथ दोनों कर्मचारी रेहान का घर देखने गए थे। बाद में रेहान ने फीस कार्ड वापस कर दी गई। उन्होंने रेहान पर राजनीति और ड्रामा करने का आरोप लगाते हुए कहा कि सीसीटीवी फुटेज में प्रमाण मौजूद है।
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पार्षद गुफरान को लेकर मंगलवार दोपहर सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय पहुंचे लाइन नंबर दस निवासी रेहान मियां ने बताया कि उनके दो बच्चे ठंडी सड़क स्थित स्कूल में पढ़ते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि एक महीने की फीस जमा नहीं करने पर स्कूल प्रशासन ने बच्चों को बंधक बना लिया है। इसके बाद पार्षद के साथ वह भोटिया पड़ाव पुलिस चौकी पहुंचे। वहां प्रार्थनापत्र दिया। उपनिरीक्षक कुंदन रौतेला और सिपाही गौरव चौधरी स्कूल पहुंचे। पूछताछ से पता चला कि रेहान ने स्कूल में जाकर फीस कार्ड में नौ हजार फीस की इंट्री कराई लेकिन पैसा दिए बगैर चले गए। इसके बाद स्कूल की कर्मचारी ने रेहान को कॉल किया लेकिन उन्होंने फोन नहीं उठाया। स्कूल की प्रबंधक ने बताया कि बच्चों को तत्काल स्कूल से अध्यापिका और कर्मचारी घर छोड़ने गए थे। चूंकि कर्मचारी को फीस का पैसा भरना पड़ता। इसी कारण बच्चों के साथ दोनों कर्मचारी रेहान का घर देखने गए थे। बाद में रेहान ने फीस कार्ड वापस कर दी गई। उन्होंने रेहान पर राजनीति और ड्रामा करने का आरोप लगाते हुए कहा कि सीसीटीवी फुटेज में प्रमाण मौजूद है।
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