{"_id":"5cabb4b1bdec22142f01b9a8","slug":"151554756785-nainital-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"रिटायर्ड पुलिसकर्मी को दौरा पड़ा मौत","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
रिटायर्ड पुलिसकर्मी को दौरा पड़ा मौत
विज्ञापन
demo pic
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हल्द्वानी। जीवित प्रमाण पत्र देने तहसील पहुंचे रिटायर्ड पुलिसकर्मी को सोमवार सुबह अचानक दिल का दौरा पड़ गया। वह मोटरसाइकिल से गिर पड़े। बेस अस्पताल में डॉक्टरों ने उनको मृत घोषित कर दिया।
पांडे गार्डन मंगल पड़ाव बरेली रोड निवासी 62 साल के कौस्तुभ पांडे (62) पेंशन के लिए जीवित प्रमाण पत्र देने सोमवार की सुबह करीब 11 बजे छोटे बेटे दीपक पांडे के साथ तहसील परिसर पहुंचे थे। प्रमाण पत्र देने के बाद ट्रेजरी कार्यालय से बाहर निकलने के बाद वह बेटे की मोटरसाइकिल पर बैठ रहे थे। इस बीच अचानक दिल का दौरा पड़ने पर वह मोटरसाइकिल से गिर पड़े। दीपक पांडे ने राहगीरों की मदद से पिता को सोबन सिंह जीना बेस अस्पताल लेकर गया। यहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। बताया जा रहा है कि कौस्तुभ पांडे काफी समय से बीमार चल रहे थे। वह करीब एक साल पहले ही पुलिस विभाग से सेवानिवृत्त हुए थे। उनके दो बेटे हैं। परिजनों ने रानीबाग चित्रशिला घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया।
जिंदा होने का सबूत दिया और प्राण पखेरू उड़ गए
तहसील के बाहर रिटायर्ड पुलिसकर्मी को पड़ा दौरा
विज्ञापन
पांडे गार्डन मंगल पड़ाव बरेली रोड निवासी 62 साल के कौस्तुभ पांडे (62) पेंशन के लिए जीवित प्रमाण पत्र देने सोमवार की सुबह करीब 11 बजे छोटे बेटे दीपक पांडे के साथ तहसील परिसर पहुंचे थे। प्रमाण पत्र देने के बाद ट्रेजरी कार्यालय से बाहर निकलने के बाद वह बेटे की मोटरसाइकिल पर बैठ रहे थे। इस बीच अचानक दिल का दौरा पड़ने पर वह मोटरसाइकिल से गिर पड़े। दीपक पांडे ने राहगीरों की मदद से पिता को सोबन सिंह जीना बेस अस्पताल लेकर गया। यहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। बताया जा रहा है कि कौस्तुभ पांडे काफी समय से बीमार चल रहे थे। वह करीब एक साल पहले ही पुलिस विभाग से सेवानिवृत्त हुए थे। उनके दो बेटे हैं। परिजनों ने रानीबाग चित्रशिला घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया।
विज्ञापन
जिंदा होने का सबूत दिया और प्राण पखेरू उड़ गए
तहसील के बाहर रिटायर्ड पुलिसकर्मी को पड़ा दौरा