फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Nainital News ›   विरोध के बाद फिर क्रेशरों में बिकने लगा मलवा

विरोध के बाद फिर क्रेशरों में बिकने लगा मलवा

Thu, 26 Apr 2018 02:08 AM IST
Updated Thu, 26 Apr 2018 02:08 AM IST
विज्ञापन
विरोध के बाद फिर क्रेशरों में बिकने लगा मलवा
हल्द्वानी। रानीबाग-भीमताल रोड पर पहाड़ी कटान से निकलने वाला मलबा फिर से क्रशरों में पहुंचाया जा रहा है। पहाड़ी कटान से निकला मलबा सड़क में कई जगह फैला है, जिससे हादसे की संभावनाएं बनी हुई हैं। वहीं दूसरी ओर इससे यातायात भी प्रभावित हो रहा है और यात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन

पिछले काफी समय से लोनिवि द्वारा रानीबाग-भीमताल रोड पर तीव्र मोड़ों के कटान के नाम पर धड़ल्ले से मानकों के विपरीत पहाड़ियों का कटान किया जा रहा है। इससे रोड़ी, मिट्टी और पत्थर पहाड़ी से निकल रहे हैं। नियमानुसार मलबे को डंप करने के लिए पहले डंपिंग जोन बनाया जाना चाहिए। बताया जाता है कि विभाग ने डंपिंग जोन नहीं बनाया तो ठेकेदार ने पहाड़ी कटान से निकले सैकड़ों ट्रक मलबे को अवैध रूप से क्रशरों में बेच दिया। पिछले दिनों अमर उजाला में इस संबंध में खबर छपने के बाद मलबे को बेचने के बजाय आसपास की पहाड़ियों से नीचे खाई में फेंक दिया गया। क्षेत्र के ग्रामीणों ने मलबे को खाई में फेंकने का विरोध किया। उनका कहना था कि इससे उनके प्राकृतिक जल स्रोत खत्म हो जाएंगे और खेतों को नुकसान होगा।
विज्ञापन

ग्रामीणों के विरोध के बाद अब फिर से ठेकेदार ने मलबे को क्रशरों में पहुंचाकर कमाई करना शुरू कर दिया है। इससे विभाग को खासा आर्थिक नुकसान हो रहा है। सड़क में कई जगह मलबा फैला हुआ है और कई जगह मलबे के ढेर लगे हैं। इससे वाहन चालकों और यात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। दूसरी ओर गुलाबघाटी और इसके आसपास के क्षेत्र में रात में हॉटमिक्स का काम किया जा रहा है जिसके चलते रात में भी जाम की स्थिति पैदा हो गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed