{"_id":"5f9dd1b58ebc3edc1f6645ff","slug":"cm-honored-kaladhungi-police-station-reward-for-best-deliberation-in-anita-murder-case-haldwani-news-hld40253906","type":"story","status":"publish","title_hn":"सीएम ने कालाढूंगी थानाध्यक्ष को किया सम्मानित, अनीता हत्याकांड में बेहतरीन विवेचना का मिला इनाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सीएम ने कालाढूंगी थानाध्यक्ष को किया सम्मानित, अनीता हत्याकांड में बेहतरीन विवेचना का मिला इनाम
विज्ञापन
थानाध्यक्ष को सम्मानित करते मुख्यमंत्री
- फोटो : KALADUNGI
हल्द्वानी। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने शनिवार को देहरादून में कालाढूंगी के थानाध्यक्ष दिनेश नाथ महंत को दस हजार रुपये पुरस्कार स्वरूप देकर सम्मानित किया। थानाध्यक्ष को यह इनाम और सम्मान दिल्ली की महिला अनीता की हत्या के मामले में बेहतरीन विवेचना के चलते दिया गया।
थानाध्यक्ष दिनेश नाथ महंत ने बताया कि इस साल 31 जनवरी को बैलपड़ाव क्षेत्र में एक महिला की जली हुई लाश मिली थी। इस घटना का खुलासा करने के लिए सौ से अधिक सीसीटीवी खंगाले गए। पुलिस देर रात सड़क से गुजरी कार के रंग से वाहन नंबर तक पहुंची। कार मालिक को ढूंढने के बाद घटना के दिन कार चलाने वाला चूनाखान कालाढूंगी निवासी कुलदीप सिंह हत्थे चढ़ा। कुलदीप से पूछताछ के बाद पुलिस ने महिला की शिनाख्त दिल्ली निवासी अनीता के रूप में की। मोबाइल नंबर के आधार पर पुलिस ने अनीता के पति रवींद्र पाल सिंह को हरिद्वार से गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ से पता चला कि रवींद्र पाल ने अपनी पत्नी को मारने के लिए योजना के तहत चाय में नशीला पदार्थ पिलाकर बेहोश किया था। इसके बाद रवींद्र और कुलदीप ने गला घोंटकर उसे मार डाला। महिला को मारने के बाद वाहन में रखे मोबिल ऑयल को छिड़ककर आरोपियों ने शव में आग लगा दी थी। सीडीआर से अनीता और उसके पति की लोकेशन की पुष्टि की गई। बहनों के डीएनए से अनीता के शव का मिलान किया गया। वर्तमान में दोनों हत्यारोपी जेल में बंद हैं।
विज्ञापन
कई रात नहीं सोए महंत
थानाध्यक्ष दिनेश नाथ महंत ने बताया कि घटना के बाद से कई रात नींद नहीं आई। आरोपियों की धरपकड़ के लिए दिल्ली, हरिद्वार और पंजाब तक जाना पड़ा। किसी प्रकार 12 दिन मेें घटना का सटीक खुलासा करने में सफलता मिल सकी।
विज्ञापन
थानाध्यक्ष दिनेश नाथ महंत ने बताया कि इस साल 31 जनवरी को बैलपड़ाव क्षेत्र में एक महिला की जली हुई लाश मिली थी। इस घटना का खुलासा करने के लिए सौ से अधिक सीसीटीवी खंगाले गए। पुलिस देर रात सड़क से गुजरी कार के रंग से वाहन नंबर तक पहुंची। कार मालिक को ढूंढने के बाद घटना के दिन कार चलाने वाला चूनाखान कालाढूंगी निवासी कुलदीप सिंह हत्थे चढ़ा। कुलदीप से पूछताछ के बाद पुलिस ने महिला की शिनाख्त दिल्ली निवासी अनीता के रूप में की। मोबाइल नंबर के आधार पर पुलिस ने अनीता के पति रवींद्र पाल सिंह को हरिद्वार से गिरफ्तार कर लिया।
विज्ञापन
पूछताछ से पता चला कि रवींद्र पाल ने अपनी पत्नी को मारने के लिए योजना के तहत चाय में नशीला पदार्थ पिलाकर बेहोश किया था। इसके बाद रवींद्र और कुलदीप ने गला घोंटकर उसे मार डाला। महिला को मारने के बाद वाहन में रखे मोबिल ऑयल को छिड़ककर आरोपियों ने शव में आग लगा दी थी। सीडीआर से अनीता और उसके पति की लोकेशन की पुष्टि की गई। बहनों के डीएनए से अनीता के शव का मिलान किया गया। वर्तमान में दोनों हत्यारोपी जेल में बंद हैं।
विज्ञापन
कई रात नहीं सोए महंत
थानाध्यक्ष दिनेश नाथ महंत ने बताया कि घटना के बाद से कई रात नींद नहीं आई। आरोपियों की धरपकड़ के लिए दिल्ली, हरिद्वार और पंजाब तक जाना पड़ा। किसी प्रकार 12 दिन मेें घटना का सटीक खुलासा करने में सफलता मिल सकी।