{"_id":"632b52baabecd745dc53a83d","slug":"ban-on-recovery-order-from-teachers-haldwani-news-hld4764870110","type":"story","status":"publish","title_hn":"Uttarakhand High Court: शिक्षकों से रिकवरी के आदेश पर रोक, पक्षकारों को नोटिस जारी कर मांगा जवाब","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Uttarakhand High Court: शिक्षकों से रिकवरी के आदेश पर रोक, पक्षकारों को नोटिस जारी कर मांगा जवाब
Thu, 22 Sep 2022 12:45 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, नैनीताल
संवाद न्यूज एजेंसी, नैनीताल
Published by: हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Thu, 22 Sep 2022 12:45 AM IST
सार
प्रदेश में 2018 से पहले कुछ जूनियर हाईस्कूल के शिक्षकों को 4600 वेतनमान दिया गया, लेकिन शिक्षा विभाग ने इसे गलत ठहराते हुए रिकवरी के आदेश जारी किए।
विज्ञापन
नैनीताल हाईकोर्ट
- फोटो : PTI
विस्तार
नैनीताल हाईकोर्ट ने बुधवार को राज्य में जूनियर हाईस्कूल के शिक्षकों के वेतनमान विवाद मामले में सुनवाई की। कोर्ट ने फिलहाल उनकी रिकवरी के आदेश पर रोक लगा दी है। साथ ही सरकार और अन्य पक्षकारों को नोटिस जारी कर चार हफ्ते में जवाब दाखिल करने के लिए कहा है। हाईकोर्ट ने 936 से ज्यादा याचिकाओं पर सुनवाई के बाद यह फैसला दिया। सुनवाई न्यायमूर्ति मनोज तिवारी की एकलपीठ में हुई।
विज्ञापन
प्रदेश में 2018 से पहले कुछ जूनियर हाईस्कूल के शिक्षकों को 4600 वेतनमान दिया गया, लेकिन शिक्षा विभाग ने इसे गलत ठहराते हुए रिकवरी के आदेश जारी किए। निदेशक प्रारंभिक शिक्षा ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए कि वह 2018 से पहले से 4600 ग्रेड पे का लाभ लेने वाले शिक्षकों से रिकवरी करें।
विज्ञापन
मामला हाईकोर्ट पहुंचा तो कोर्ट ने शिक्षा विभाग के आदेश को निरस्त कर दिया और प्रत्यावेदन निस्तारित करने के लिए कहा। इसके बाद भी शिक्षा विभाग ने रिकवरी का आदेश जारी रखा। इसके खिलाफ जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ हाईकोर्ट पहुंचे और याचिका दायर कर जिला शिक्षा अधिकारियों के रिकवरी के आदेश पर रोक लगाने की मांग और सरकार के आदेश को निरस्त करने की मांग की।
विज्ञापन