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चंपावत के बहु चर्चित छिलका गुलिया घोटाले की मनोज चंद्रन करेंगे विस्तृत जांच
Updated Fri, 03 Aug 2018 02:12 AM IST
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हल्द्वानी। चंपावत वन प्रभाग घोटाले की जांच मुख्य वन संरक्षक (वन भूमि हस्तांतरण) मनोज चंद्रन करेंगे। अपर मुख्य सचिव (वन) डॉ. रणवीर सिंह के अनुसार वन मंत्री के निर्देश के बाद मुख्य वन संरक्षक से विस्तृत जांच कराने का फैसला किया गया है।
चंपावत वन प्रभाग में गड़बड़ियों की शिकायत मिलने के बाद शासन ने तत्कालीन डीएफओ एके गुप्ता को मुख्यालय से अटैच करने के साथ जांच वन संरक्षक (अनुसंधान) को संजीव चतुर्वेदी को सौंपी गई थी। नवंबर-2017 को वन संरक्षक ने करीब 2000 पन्नों की जांच रिपोर्ट सौंपी थी, इसमें बड़े पैमाने पर वन संपदा की लूट का खुलासा हुआ था। इसके बाद वन मुख्यालय ने रिपोर्ट के आधार पर डीएफओ के निलंबन की संस्तुति तक की थी। बाद डीएफओ गुप्ता ने शासन को पत्र लिखा था, जिसमें कहा गया था कि उनका मामले में पक्ष तक नहीं सुना गया है। बाद में फाइल वन मंत्री डॉ. हरक सिंह रावत के पास पहुंची थी। इसके बाद मामले में विस्तृत जांच के आदेश हुए हैं।
चंपावत वन प्रभाग में हुई गड़बड़ियों की शिकायत के बाद प्रारंभिक जांच हुई थी। अब विस्तृत जांच कराने का फैसला किया गया है। मामले की जांच मुख्य वन संरक्षक मनोज चंद्रन को सौंपी गई है।
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-डॉ. रणवीर सिंह, अपर मुख्य सचिव (वन)
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चंपावत वन प्रभाग में गड़बड़ियों की शिकायत मिलने के बाद शासन ने तत्कालीन डीएफओ एके गुप्ता को मुख्यालय से अटैच करने के साथ जांच वन संरक्षक (अनुसंधान) को संजीव चतुर्वेदी को सौंपी गई थी। नवंबर-2017 को वन संरक्षक ने करीब 2000 पन्नों की जांच रिपोर्ट सौंपी थी, इसमें बड़े पैमाने पर वन संपदा की लूट का खुलासा हुआ था। इसके बाद वन मुख्यालय ने रिपोर्ट के आधार पर डीएफओ के निलंबन की संस्तुति तक की थी। बाद डीएफओ गुप्ता ने शासन को पत्र लिखा था, जिसमें कहा गया था कि उनका मामले में पक्ष तक नहीं सुना गया है। बाद में फाइल वन मंत्री डॉ. हरक सिंह रावत के पास पहुंची थी। इसके बाद मामले में विस्तृत जांच के आदेश हुए हैं।
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चंपावत वन प्रभाग में हुई गड़बड़ियों की शिकायत के बाद प्रारंभिक जांच हुई थी। अब विस्तृत जांच कराने का फैसला किया गया है। मामले की जांच मुख्य वन संरक्षक मनोज चंद्रन को सौंपी गई है।
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-डॉ. रणवीर सिंह, अपर मुख्य सचिव (वन)