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हरीगनरी के ग्रामीण फिर तेंदुए के आतंक से भयभीत
Updated Thu, 13 Sep 2018 11:49 PM IST
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गरुड़(बागेश्वर)। विकास खंड के हरीनगरी गांव में फिर तेंदुआ दिखने से ग्रामीण दहशत में हैं। ग्रामीणों ने वन विभाग से तेंदुए को पकड़ने गांव में पिंजरा लगाने की मांग की है।
हरीनगरी के प्रधान लक्ष्मण राम आर्य ने बताया कि हरीनगरी गांव में तेंदुआ छह माह के अंदर दो मासूम बच्चों को निवाला बना चुका है। शिकारी लखपत सिंह ने एक तेंदुए को मारने के बाद गांव में तीन माह तक तेंदुआ नहीं दिखा। इस बीच गांव में फिर से तेंदुआ दिखने से ग्रामीण दहशत में है। ग्रामीण रात को कनस्तर बजाकर तेंदुए को गांव से भगा रहे हैं। उन्होंने वन विभाग से गांव में पिंजरा लगाने की मांग की है।
हरीनगरी के प्रधान लक्ष्मण राम आर्य ने बताया कि हरीनगरी गांव में तेंदुआ छह माह के अंदर दो मासूम बच्चों को निवाला बना चुका है। शिकारी लखपत सिंह ने एक तेंदुए को मारने के बाद गांव में तीन माह तक तेंदुआ नहीं दिखा। इस बीच गांव में फिर से तेंदुआ दिखने से ग्रामीण दहशत में है। ग्रामीण रात को कनस्तर बजाकर तेंदुए को गांव से भगा रहे हैं। उन्होंने वन विभाग से गांव में पिंजरा लगाने की मांग की है।
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