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पानी का दुरुपयोग रोकने को लगेंगे मीटर
Updated Tue, 24 Apr 2018 01:48 AM IST
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हल्द्वानी। बिजली चोरी की तर्ज पर अब पानी का दुरुपयोग रोकने के लिए महकमा पेयजल योजनाओं और कनेक्शनों पर मीटर लगाएगा। शहर से सटे गांवों के लिए बनाई जा रही नई पेयजल योजनाओं में मीटर का प्रावधान रखा गया है। पानी के दुरुपयोग और लीकेज का पता लगाने के लिए नई योजनाओं में नलकूप से लेकर कनेक्शन तक मीटर लगेंगे। इस योजना के तहत प्रथम चरण में दो हजार मीटर लगाए जाएंगे।
जलनिगम विश्व बैंक परियोजना के अधिशासी अभियंता हिमांशु वर्मा ने बताया कि नई पेयजल योजनाओं के नलकूप से लेकर कनेक्शन तक मीटर लगाए जाएंगे। नलकूप के ओवर हेड टैंक में लगे मीटर से योजना से पानी की उपलब्धता की जानकारी मिलेगी। मुख्य पेयजल लाइन, ब्रांच पेयजल लाइन और उपभोक्ता के कनेक्शनों में भी मीटर लगेंगे। मुख्य पेयजल लाइन में मौजूद पानी, ब्रांच लाइन के पानी का रिकार्ड रखा जाएगा। साथ ही उपभोक्ता की ओर से पेयजल उपभोग की जानकारी मीटर से मिलेगी।
नलकूप में उपलब्ध पानी और उपभोक्ताओं को मिले पानी का पूरा रिकार्ड मिलने पर यह पता लग सकेगा कि कहीं पानी का दुरुपयोग और लीकेज तो नहीं हो रहा है। उन्होंने बताया कि यहां तल्ली हल्द्वानी में बनाए जा रहे नलकूप में मीटर की व्यवस्था की जा रही है। इस योजना के तहत प्रथम चरण में दो हजार मीटर लगाए जाएंगे।
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शहर से सटे गांवों में बन रही पेयजल योजनाओं में लगेंगे जल्द मीटर
पेयजल योजना के तहत पहले चरण में दो हजार मीटर लगाए जाएंगे
पांच साल तक ठेकेदार करेगा मरम्मत
विश्व बैंक की मदद से शहर से सटे गांवों में बनाई जा रही पेयजल योजनाओं की मरम्मत का काम पांच साल तक ठेकेदार करेगा। राज्य सरकार पांच साल तक नलकूप, पेयजल लाइनों की मरम्मत के लिए धनराशि नहीं देगी। पेयजल योजना का निर्माण करा रहे ठेकेदारों से पांच साल तक योजना की मरम्मत करने का अनुबंध किया जा रहा है।
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जलनिगम विश्व बैंक परियोजना के अधिशासी अभियंता हिमांशु वर्मा ने बताया कि नई पेयजल योजनाओं के नलकूप से लेकर कनेक्शन तक मीटर लगाए जाएंगे। नलकूप के ओवर हेड टैंक में लगे मीटर से योजना से पानी की उपलब्धता की जानकारी मिलेगी। मुख्य पेयजल लाइन, ब्रांच पेयजल लाइन और उपभोक्ता के कनेक्शनों में भी मीटर लगेंगे। मुख्य पेयजल लाइन में मौजूद पानी, ब्रांच लाइन के पानी का रिकार्ड रखा जाएगा। साथ ही उपभोक्ता की ओर से पेयजल उपभोग की जानकारी मीटर से मिलेगी।
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नलकूप में उपलब्ध पानी और उपभोक्ताओं को मिले पानी का पूरा रिकार्ड मिलने पर यह पता लग सकेगा कि कहीं पानी का दुरुपयोग और लीकेज तो नहीं हो रहा है। उन्होंने बताया कि यहां तल्ली हल्द्वानी में बनाए जा रहे नलकूप में मीटर की व्यवस्था की जा रही है। इस योजना के तहत प्रथम चरण में दो हजार मीटर लगाए जाएंगे।
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शहर से सटे गांवों में बन रही पेयजल योजनाओं में लगेंगे जल्द मीटर
पेयजल योजना के तहत पहले चरण में दो हजार मीटर लगाए जाएंगे
पांच साल तक ठेकेदार करेगा मरम्मत
विश्व बैंक की मदद से शहर से सटे गांवों में बनाई जा रही पेयजल योजनाओं की मरम्मत का काम पांच साल तक ठेकेदार करेगा। राज्य सरकार पांच साल तक नलकूप, पेयजल लाइनों की मरम्मत के लिए धनराशि नहीं देगी। पेयजल योजना का निर्माण करा रहे ठेकेदारों से पांच साल तक योजना की मरम्मत करने का अनुबंध किया जा रहा है।