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गैस बाटलिंग प्लाटों की सुरक्षा पर पुलिस चौकन्ना
Updated Sun, 29 Apr 2018 02:32 AM IST
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हल्द्वानी। एसपी सिटी ने गैस बॉटलिंग प्लांटों की सुरक्षा के प्रति पुलिस, प्लांट प्रबंधकों के बीच सूचनाओं के आदान-प्रदान पर सहमति बनाई गई। पुलिस ने विषम हालातों में सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने की रणनीति बनाई। एसपी सिटी ने स्पष्ट किया कि पुलिस, प्लांट के अधिकारी मिलजुल कर अवैध रिफिलिंग को रोक सकते हैं। प्लांट की सुरक्षा को भी मजबूत बना सकते हैं।
एसपी सिटी अमित श्रीवास्तव ने बहुउद्देश्यीय भवन में पुलिस अधिकारियों के साथ हल्दूचौड़, मोटाहल्दू, काठगोदाम बॉटलिंग प्लांट, गैस गोदाम के अधिकारियों की बैठक बुलाई। बैठक के दौरान एसपी सिटी ने प्लांट के अंदर, बाहर की सुरक्षा के बारे में जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि प्लांट के अंदर फायर ब्रिगेड की गाड़ी को पानी दिया जा सकता है। वहां आग बुझाने के लिए सिस्टम लगे हैं। पुलिस अधिकारियों ने ध्यान दिलाया कि बॉटलिंग प्लांट के अंदर से चालक के नाम पर गैस की गाड़ियां निकलती हैं लेकिन बाहर गाड़ियों के चालक बदल जाते हैं। यह चालक गाड़ी रोककर गैस रिफिलिंग कराते हैं। पुलिस ने कई चालकों को पकड़ा है। यदि कोई गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हो जाती है तो विषम हालातों से निबटने के लिए गैस सिलिंडरों को किस प्रकार व्यवस्थित किया जाएगा। दोनों विभागों के अधिकारियों ने इस मामले में बेहतर विकल्प निकाला। कहा कि सुरक्षा के लिए पुलिस और प्लांट के अधिकारियों के बीच सूचनाओं का आदान प्रदान होना चाहिए। दोनों पक्षों के लोग इस बात पर सहमत हुए।
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एसपी सिटी अमित श्रीवास्तव ने बहुउद्देश्यीय भवन में पुलिस अधिकारियों के साथ हल्दूचौड़, मोटाहल्दू, काठगोदाम बॉटलिंग प्लांट, गैस गोदाम के अधिकारियों की बैठक बुलाई। बैठक के दौरान एसपी सिटी ने प्लांट के अंदर, बाहर की सुरक्षा के बारे में जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि प्लांट के अंदर फायर ब्रिगेड की गाड़ी को पानी दिया जा सकता है। वहां आग बुझाने के लिए सिस्टम लगे हैं। पुलिस अधिकारियों ने ध्यान दिलाया कि बॉटलिंग प्लांट के अंदर से चालक के नाम पर गैस की गाड़ियां निकलती हैं लेकिन बाहर गाड़ियों के चालक बदल जाते हैं। यह चालक गाड़ी रोककर गैस रिफिलिंग कराते हैं। पुलिस ने कई चालकों को पकड़ा है। यदि कोई गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हो जाती है तो विषम हालातों से निबटने के लिए गैस सिलिंडरों को किस प्रकार व्यवस्थित किया जाएगा। दोनों विभागों के अधिकारियों ने इस मामले में बेहतर विकल्प निकाला। कहा कि सुरक्षा के लिए पुलिस और प्लांट के अधिकारियों के बीच सूचनाओं का आदान प्रदान होना चाहिए। दोनों पक्षों के लोग इस बात पर सहमत हुए।
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