फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Kotdwar News ›   problems from koshagaar strike

कोषागार कर्मियों की हड़ताल ने बढ़ाई लोगों की मुश्किलें

Tue, 05 Jan 2016 06:51 PM IST
कोटद्वार
कोटद्वार Updated Tue, 05 Jan 2016 06:51 PM IST
विज्ञापन
कोषागार कर्मचारी संगठन की प्रांतीय कार्यकारिणी के आह्वान पर कोटद्वार कोषागार के कर्मचारियों की हड़ताल 14वें दिन भी जारी रही।  कर्मचारियों ने मांग पूरी नहीं होने तक अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रखने की चेतावनी दी है।
विज्ञापन

मंगलवार को कोषागार कर्मचारी ट्रेजरी भवन के आगे एकत्र हुए और उन्होंने अपनी मांगों के समर्थन में प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और धरना शुरू कर दिया।
विज्ञापन


इस अवसर पर आयोजित सभा में वक्ताओं ने प्रदेश सरकार पर हठधर्मिता अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने मांगों को शीघ्र पूरा कर कोषागार के सहायक लेखाकार और लेखाकार के ग्रेड पे 4600 और 4800 करने की मांग की। इस अवसर पर सहायक कोषाधिकारी बीर सिंह रावत, दयाल सिंह सैनी, नंद किशोर, बचन सिंह खाती, रविंद्र सिंह बिष्ट, रविंद्र पाल सिंह गुसाईं, सचिन कुमार, मोहन सिंह नेगी, नागेश पाल सिंह चौहान, कमलेश्वर प्रसाद कुकरेेती, अशोक कुमार, विनय मियां आदि मौजूद थे।  
विज्ञापन
विज्ञापन


स्टांप पेपर नहीं मिलने से लोग परेशान
कोटद्वार। कोषागर कर्मियों की 14 दिनों से चल रही हड़ताल के कारण लोगों को प्रमाणपत्रों को बनाने में अनेक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वर्तमान में नए राशन कार्ड बनाए जा रहे हैं, जिसके लिए आय प्रमाणपत्र के साथ शपथपत्र को अनिवार्य किया हुआ है। तहसील में स्टांप पेपर नहीं मिलने के कारण लोग राशन कार्ड नहीं बना पा रहे हैं। कोषागार कर्मियों की हड़ताल का असर जमीन की बिक्री पर भी पड़ रहा है। स्टांप पेपर नहीं मिलने के कारण लोग जमीन की खरीद-फरोख्त नहीं कर पा रहे हैं। दूर दराज से पहुंच रहे लोग मायूस होकर लौट रहे हैं। लोगों को कोषागार कर्मियों की हड़ताल खुलने का इंतजार है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed