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पेंशन के लिए 12 हजार आंदोलनकारियों की सूची सीएम के पास
श्रीनगर
Updated Fri, 22 Jan 2016 06:04 PM IST
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राज्य निर्माण आंदोलनकारी सम्मान परिषद के उपाध्यक्ष धीरेंद्र प्रताप ने 10 फीसदी क्षैतिज आरक्षण संबंधी विधेयक को मंजूरी नहीं देने पर राज्यपाल से नैतिकता के आधार पर इस्तीफा देने की मांग की है।
यहां पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि राज्य निर्माण आंदोलनकारियों को 10 फीसदी क्षैतिज आरक्षण विधेयक 02 नवबर 2015 को गैरसैंण विधान सभा सत्र में पारित हुआ था। तय समय सीमा के बावजूद राज्यपाल ने इस पर मुहर नहीं लगाई है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को इस मामले में तत्काल आपात सत्र बुलाना चाहिए। राज्यपाल को भी उत्तराखंड के लोगों की जनभावनाओं को समझना चाहिए। 15 फरवरी तक विधेयक को मंजूरी नहीं मिलने पर राष्ट्रपति को पत्र लिखा जाएगा।
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धीरेंद्र प्रताप ने कहा कि आंदोलनकारियों के चिह्नीकरण की प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी। कोई भी आंदोलनकारी छूटे नहीं, यह कोशिश रहेगी। जो आंदोलनकारी जेल नहीं गए उनको भी सूची में शामिल किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि 12 हजार आंदोलनकारियों की सूची पेंशन के लिए मुख्यमंत्री को भेजी गई है। उन्होंने कहा कि गैरसैंण शहीदों की भावनाओं से जुड़ा है। स्थायी राजधानी वहीं बननी चाहिए। इस मौके पर डा. धनेश्वरी तोमर, उम्मेद सिंह मेहरा, मुकेश अग्रवाल, प्रेम लाल पांडे, नाथू लाल टम्टा, केदार बिष्ट, मदन मोहन नौटियाल और सते सिंह भंडारी आदि उपस्थित थे।
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यहां पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि राज्य निर्माण आंदोलनकारियों को 10 फीसदी क्षैतिज आरक्षण विधेयक 02 नवबर 2015 को गैरसैंण विधान सभा सत्र में पारित हुआ था। तय समय सीमा के बावजूद राज्यपाल ने इस पर मुहर नहीं लगाई है।
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उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को इस मामले में तत्काल आपात सत्र बुलाना चाहिए। राज्यपाल को भी उत्तराखंड के लोगों की जनभावनाओं को समझना चाहिए। 15 फरवरी तक विधेयक को मंजूरी नहीं मिलने पर राष्ट्रपति को पत्र लिखा जाएगा।
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धीरेंद्र प्रताप ने कहा कि आंदोलनकारियों के चिह्नीकरण की प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी। कोई भी आंदोलनकारी छूटे नहीं, यह कोशिश रहेगी। जो आंदोलनकारी जेल नहीं गए उनको भी सूची में शामिल किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि 12 हजार आंदोलनकारियों की सूची पेंशन के लिए मुख्यमंत्री को भेजी गई है। उन्होंने कहा कि गैरसैंण शहीदों की भावनाओं से जुड़ा है। स्थायी राजधानी वहीं बननी चाहिए। इस मौके पर डा. धनेश्वरी तोमर, उम्मेद सिंह मेहरा, मुकेश अग्रवाल, प्रेम लाल पांडे, नाथू लाल टम्टा, केदार बिष्ट, मदन मोहन नौटियाल और सते सिंह भंडारी आदि उपस्थित थे।