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हाथी सुरक्षा दीवार टूटने से आंगन में धमक रहे हैं हाथी
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सनेह क्षेत्र के कुंभीचौड़ में टूटी हुई हाथी सुरक्षा दीवार।
- फोटो : KOTDWAR
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लैंसडौन वन प्रभाग की लापरवाही का खामियाजा सनेह क्षेत्र के कुंभीचौड़ व रामपुर के लोगों को भुगतना पड़ रहा है। हाथी सुरक्षा दीवार को टूटे पांच माह होने को हैं, लेकिन उसकी मरम्मत को लेकर वन विभाग सुस्त कार्यप्रणाली अपनाए हुआ है। जिसके कारण आए दिन हाथी जंगल से सीधे आबादी में घुसकर आतंक मचा रहा है।
गत जून माह में लैंसडौन वन प्रभाग के जंगल मेें हुई तेज बारिश के चलते आई आपदा में कुंभीचौड़ के पास हाथी को जंगल में रोकने के लिए बनाई गई सुरक्षा दीवार टूट गई थी। तब से हाथी इसी रास्ते जंगल से निकलकर आसानी से आबादी में धमक कर लोगों के आंगन में टहल रहा है। जिसके कारण हाथी मानव संघर्ष का खतरा बना हुआ है।
स्थानीय नागरिक मोहन सिंह रावत, महानंद ध्यानी, अंजूू पुंडीर, कमल सिंह नेगी ने वन विभाग पर लोगों के जीवन के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। कहा कि सुरक्षा दीवार टूटने के स्थान से आए दिन हाथी जंगल से निकलकर उनके घरों के पास पहुंचकर उगाई धान की फसल चट कर रहा है। हाथी के डर से लोग शाम होते ही घरों में दुबकने को मजबूर हैं। कई बार वन विभाग के आला अधिकारियों को लिखित और मौखिक शिकायत करने के बाद भी सुरक्षा दीवार की मरम्मत का कार्य नहीं हो रहा है। जिसके कारण क्षेत्र के लोगों में वन विभाग के खिलाफ आक्रोश व्याप्त है।
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हाथी सुरक्षा दीवार क्षतिग्रस्त होने का मामला उनके संज्ञान में है। सुरक्षा दीवार की मरम्मत के लिए विभाग को प्रस्ताव भेजा गया है। बजट मिलते ही दीवार का निर्माण कर दिया जाएगा।
बीबी शर्मा, रेंज अधिकारी कोटद्वार
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गत जून माह में लैंसडौन वन प्रभाग के जंगल मेें हुई तेज बारिश के चलते आई आपदा में कुंभीचौड़ के पास हाथी को जंगल में रोकने के लिए बनाई गई सुरक्षा दीवार टूट गई थी। तब से हाथी इसी रास्ते जंगल से निकलकर आसानी से आबादी में धमक कर लोगों के आंगन में टहल रहा है। जिसके कारण हाथी मानव संघर्ष का खतरा बना हुआ है।
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स्थानीय नागरिक मोहन सिंह रावत, महानंद ध्यानी, अंजूू पुंडीर, कमल सिंह नेगी ने वन विभाग पर लोगों के जीवन के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। कहा कि सुरक्षा दीवार टूटने के स्थान से आए दिन हाथी जंगल से निकलकर उनके घरों के पास पहुंचकर उगाई धान की फसल चट कर रहा है। हाथी के डर से लोग शाम होते ही घरों में दुबकने को मजबूर हैं। कई बार वन विभाग के आला अधिकारियों को लिखित और मौखिक शिकायत करने के बाद भी सुरक्षा दीवार की मरम्मत का कार्य नहीं हो रहा है। जिसके कारण क्षेत्र के लोगों में वन विभाग के खिलाफ आक्रोश व्याप्त है।
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हाथी सुरक्षा दीवार क्षतिग्रस्त होने का मामला उनके संज्ञान में है। सुरक्षा दीवार की मरम्मत के लिए विभाग को प्रस्ताव भेजा गया है। बजट मिलते ही दीवार का निर्माण कर दिया जाएगा।
बीबी शर्मा, रेंज अधिकारी कोटद्वार