ब्लॉक मुख्यालय द्वारीखाल में आयोजित शोकसभा में ग्रामीणों, स्कूली बच्चों और ब्लॉक कर्मियों ने पहले सीडीएस जनरल बिपिन रावत और उनकी पत्नी मधुलिका रावत को नम आंखों से श्रद्धांजलि अर्पित की। ब्लॉक प्रमुख महेंद्र सिंह राणा ने इस मौके पर विकासखंड के नवनिर्मित सभागार का नाम जनरल बिपिन रावत के नाम पर करने और कांडाखाल में उनकी मूर्ति लगाने की घोषणा की। सैंण गांव निवासी जनरल रावत के चाचा भरत सिंह रावत ने भी कार्यक्रम में शिरकत की।
सोमवार को ब्लॉक प्रमुख महेंद्र राणा ने सीडीएस जनरल बिपिन रावत और उनकी पत्नी मधुलिका रावत समेत अन्य शहीद जवानों के चित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि उन्हें गर्व महसूस होता है कि देश के पहले सीडीएस जनरल बिपिन रावत का पैतृक गांव सैंण द्वारीखाल ब्लॉक में स्थित है। उनकी शहादत पर तीन दर्जन से अधिक शक्तिशाली देशों के राष्ट्राध्यक्षों व सेना के सर्वोच्च अधिकारियों ने अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं। उन्होंने कहा कि द्वारीखाल ब्लॉक का नवनिर्मित बीडीसी भवन का नाम जनरल बिपिन रावत के नाम पर रखने, कांडाखाल में उनकी भव्य मूर्ति स्थापित करने, उनके पैतृक गांव सैंण में सैनिक धाम और सैनिक स्कूल बनाने का प्रस्ताव राज्य सरकार को भेजा जा रहा है। इस मौके पर दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना की गई। इस मौके पर जनरल बिपिन रावत के चाचा भरत सिंह, बीडीओ अतिया परवेज समेत ग्राम प्रधान, बीडीसी सदस्य, जिला पंचायत सदस्य, ब्लाक कर्मी व स्कूलों के बच्चे मौजूद रहे।