फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Haridwar News ›   The week has passed, but the traces of destruction due to rain still remain.

हफ्ता गुजर गया, लेकिन बारिश से बर्बादी की निशां अब भी बाकी

Tue, 26 Oct 2021 08:18 PM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Tue, 26 Oct 2021 08:18 PM IST
विज्ञापन
The week has passed, but the traces of destruction due to rain still remain.
सहदेवपुर में बदहाल पड़ी सड़क । - फोटो : HARIDWAR
उत्तराखंड में बारिश से आई आपदा को एक सप्ताह गुजर गया। पहाड़ों की बारिश से गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंचने से हरिद्वार के ग्रामीण इलाकों में काफी नुकसान हुआ। पानी खेतों में घुस गया और कई इलाके जलमग्न हो गए थे। खेतों में कटी और खड़ी धान की फसल डूब गई थी। पानी से सड़कों में लगाए टल्ले उखड़ गए। गड्ढों में जलभराव होने से डेंगू का खतरा बढ़ गया है।
विज्ञापन

बारिश ने प्रदेश के सभी जिलों में तबाही मचाई। दूसरे जिलों की तुलना में हरिद्वार में बारिश का कहर कम रहा, लेकिन खेतीबाड़ी को काफी नुकसान पहुंचा है। सड़कों पर चलना दुर्घटनाओं को दावत देना हो गया है। सड़कों के गड्ढों में भरी मिट्टी बह गई। रोड़ी सड़कों पर बिखरी है। गड्ढों में पानी भर गया है। बारिश से सड़कों के गड्ढों के जख्म फिर उभर गए हैं। कहीं गड्ढों में पानी भरा है तो कहीं कीचड़ से तालाब बन गए हैं। धूप निकलने के बाद गंदगी आई दुर्गंध मारने लगी है। इससे दूसरी बीमारियां फैलने का खतरा बना है। जिले के रुड़की और देहात क्षेत्र में पहले से डेंगू से दहशत बनी है।
विज्ञापन

भीगने से खेतों में धान में अंकुरित
लालढांग क्षेत्र में खेतों में जलभराव से किसानों को भारी नुकसान झेलना पड़ा है। खेतों में धान की खड़ी और कटी फसल पानी में डूबने से बर्बाद हो गई। किसान नरेंद्र सिंह और चंद्रमोहन ने बताया कि धान का दाना काला पड़ने से खरीददार नहीं मिलेंगे। किसान टीकम सिंह के मुताबिक फसल भीगने से अंकुरित होने लगी है। अशोक अमोली और तीरथ सिंह नेगी ने बताया कि प्रशासन के स्तर पर अभी तक नुकसान का सर्वे करने टीम नहीं पहुंच सकी है। किसान कृष्णा देवी, वसीम शाह, प्रमोद कुमार और कमलकांत के मुताबिक नयागांव, चमरिया और लालढांग गांव के किसानों की मेहनत पर पानी फिर गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

जलभराव से सड़कों से गुजरना मुश्किल
धनौरी-रोशनाबाद मार्ग पर तेलीवाला गांव के पास मुख्य मार्ग पर जलभराव हो गया है। पानी की निकासी की व्यवस्था नहीं है। क्षेत्र में कई खाली प्लाटों पर तालाब बन गए हैं। क्षतिग्रस्त सड़कों पर पानी जमा है। ग्रामीण रहीश अहमद, सुरेश चंद सैनी के मुताबिक लोगों को आवाजाही में परेशानी के साथ बीमारियां फैलने का खतरा बढ़ गया है। प्रदीप शर्मा और नाथीराम सैनी ने बताया कि कई जगह करीब 20 फीट लंबा और 20 फीट चौड़ा गड्ढा है, जिसमें बारिश का पानी भर गया है। रोहित सैनी और चंद्रदीप सैनी के मुताबिक ग्राम पंचायतों का कार्यकाल खत्म होने के बाद अफसरों ने भी गांवों की सुध लेना छोड़ दिया है। ग्रामीण विपुल सैनी और अनुज कुमार ने बताया बारिश के पानी से कई सड़कों का डामर तक उखड़ गया। इससे दुर्घटनाओं का खतरा बना है।

सड़कों के गड्ढे बने जानलेवा
क्षेत्र में कई स्थानों पर सड़कें और रपटे टूटे पड़े हैं। फेरुपुर से कटारपुर, फेरुपुर से बहादरपुर जट, ऐथल से सुभाषगढ़, अलावलपुर से सुभाषगढ़ और पथरी से बहादराबाद जाने वाले मार्ग पर गांव डांडी के निकट सड़कों का बुरा हाल है। एकड़ कलां और सुखरासा के निकट पथरी रोह नदी पर रपटे क्षतिग्रस्त हैं। ग्रामीण लक्खी शर्मा और मोहित शर्मा ने बताया कि सड़कों की सुध लेना वाला कोई नहीं है। कई जगहों पर गड्ढों में मिट्टी भरी थी। बारिश के बाद मिट्टी बह गई और गड्ढे जानलेवा बन गए हैं। ऐथल, पथरी, सुभाषगढ़, दिनारपुर, आदर्श टिहरी नगर, टिहरी डोब नगर, धनपुरा, फेरूपुर, सुखरासा, अम्बूवाला, एकड़ कलां, एकड़ खुर्द, सराय के लोगों को आवागमन में परेशानी से जूझना पड़ रहा है। लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता दीपक कुमार के मुताबिक अभी बजट नहीं है। बजट उपलब्ध होने पर उक्त मार्गों पर सड़कों का निर्माण कराया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed