संयुक्त किसान मोर्चा ने विधायकों की पेंशन खत्म कर किसानों को पांच हजार रुपये पेंशन देने की मांग उठाई है। उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई के चलते फसलों का समर्थन मूल्य दोगुना किया जाए। ऐसा न होने पर पर मोर्चा जिला मुख्यालय और सचिवालय पर प्रदर्शन करेगा।
भारतीय किसान यूनियन टिकैट गुट के जिलाध्यक्ष विजय कुमार शास्त्री ने कहा कि सरकार की ओर से विधायकों की पेंशन पर भारी भरकम बजट खर्च किया जा रहा है। विधायकों की पेंशन बंद की जाए। किसानों को दी जा रही एक हजार रुपये मासिक पेंशन को भी बढ़ाकर पांच हजार किया जाए ताकि किसानों को कुछ राहत मिल सके। महंगाई आसमान छू रही है वहीं विधायकों के वेतन, भत्ते बढ़ाए जा रहे हैं। उसी प्रकार से किसानों की फसलों के दाम भी बढ़ाकर दोगुना किए जाएं। उत्तराखंड किसान मोर्चा के अध्यक्ष गुलशन रोड़ ने कहा कि उत्तराखंड ऊर्जा प्रदेश है। किसानों को पंजाब और हरियाणा की तर्ज पर सिंचाई के लिए मुफ्त बिजली दी जाए। भाकियू के गढ़वाल मंडल अध्यक्ष संजय चौधरी ने कहा कि केंद्र सरकार किसानों का उत्पीड़न कर रही है। मांगों को लेकर जल्द ही जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया जाएगा। इसके बाद सचिवालय पर प्रदर्शन किया जाएगा। इस मौके पर भाकियू के प्रदेश महामंत्री रवि कुमार, बालेंद्र सिंह, बबलू राणा, अभिषेक शर्मा, अर्जुन सैनी, निक्की कश्यप आदि मौजूद रहे।