{"_id":"5f7770b58ebc3e9be9186027","slug":"hitec-will-be-municipal-cleaning-system-in-mahakumbh-haridwar-news-drn3578800138","type":"story","status":"publish","title_hn":"महाकुंभ में हाइटेक होगी नगर निगम की सफाई व्यवस्था---","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
महाकुंभ में हाइटेक होगी नगर निगम की सफाई व्यवस्था---
विज्ञापन
हरकी पैड़ी पर निरीक्षण करते नगर आयुक्त जयभारत सिंह ।
- फोटो : HARIDWAR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
निगम की सफाई व्यवस्था जल्द ही हाईटेक होने जा रही है। मेट्रो शहरों की तर्ज पर अब हरिद्वार के मुख्य मार्ग की सफाई स्ट्रीट वैक्यूम क्लीनर मशीनों से कराने की तैयारी में है। मेला प्रशासन ने निगम के इस प्रस्ताव को सैद्धांतिक स्वीकृति दे दी है। निगम के प्रस्ताव को जल्द मंजूरी मिलने की उम्मीद है।
मेट्रो शहरों की तर्ज पर अब हरिद्वार के मुख्य मार्ग से मैन्युअली कूड़ा नहीं उठाया जाएगा। नगर आयुक्त जयभारत सिंह ने शहर की सफाई व्यवस्था में सुधार के लिए स्ट्रीट वैक्यूम क्लीनर मशीन खरीदने के लिए प्रस्ताव तैयार किया था। टैंक, सेक्शन क्षमता और मशीन के आकार के हिसाब से मशीन की कीमत तय होती है। 25 लाख से लेकर 65 लाख की कीमत की वैक्यूम क्लीनर मशीन बाजार में उपलब्ध है। पहले यह प्रस्ताव निगम बोर्ड बैठक में रखा जाना था। लेकिन बोर्ड के पास बजट की कमी से मशीनों की खरीद संभव नहीं थी। इसलिए नगर आयुक्त ने मेला प्रशासन को स्ट्रीट वैक्यूम क्लीनर मशीनों की खरीद के लिए प्रस्ताव दिया। नगर आयुक्त जयभारत सिंह ने बताया प्रस्ताव को लेकर मेलाधिकारी का रुख बेहद सकारात्मक है। उन्होंने बताया कि प्रस्ताव को स्वीकृति मिलती है तो महाकुंभ में देश विदेश के श्रद्धालुओं को बेहतरीन सफाई व्यवस्था की सुविधा मिलेगी। वहीं कुंभ के बाद शहर की सफाई को सुदृढ़ बनाने के लिए ये मशीनें बेहद उपयोगी साबित होगी। उन्होंने बताया कि मशीनों से रात को भी सफाई हो पाएगी।
-----------------------
सफाई कर्मचारियों की कमी भी होगी दूर
अभी नगर निगम के पास करीब 600 कर्मचारी हैं। जबकि शहर की मौजूदा आबादी करीब पांच लाख का आंकड़ा पार गई है। वार्डों की संख्या भी 30 से बढ़कर और 60 हो गई है। इसलिए शहर की सफाई व्यवस्था को बनाए रखने में कर्मचारियों की कमी आड़े आ रही है। जब स्ट्रीट वैक्यूम क्लीनर मशीनों से सफाई शुरू होगी तो मुख्य मार्गों की सफाई केे लिए कर्मचारियों की जरूरत नहीं पड़ेगी। तब ये कर्मचारी गलियों के सफाई कार्य में लगाए जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
मेट्रो शहरों की तर्ज पर अब हरिद्वार के मुख्य मार्ग से मैन्युअली कूड़ा नहीं उठाया जाएगा। नगर आयुक्त जयभारत सिंह ने शहर की सफाई व्यवस्था में सुधार के लिए स्ट्रीट वैक्यूम क्लीनर मशीन खरीदने के लिए प्रस्ताव तैयार किया था। टैंक, सेक्शन क्षमता और मशीन के आकार के हिसाब से मशीन की कीमत तय होती है। 25 लाख से लेकर 65 लाख की कीमत की वैक्यूम क्लीनर मशीन बाजार में उपलब्ध है। पहले यह प्रस्ताव निगम बोर्ड बैठक में रखा जाना था। लेकिन बोर्ड के पास बजट की कमी से मशीनों की खरीद संभव नहीं थी। इसलिए नगर आयुक्त ने मेला प्रशासन को स्ट्रीट वैक्यूम क्लीनर मशीनों की खरीद के लिए प्रस्ताव दिया। नगर आयुक्त जयभारत सिंह ने बताया प्रस्ताव को लेकर मेलाधिकारी का रुख बेहद सकारात्मक है। उन्होंने बताया कि प्रस्ताव को स्वीकृति मिलती है तो महाकुंभ में देश विदेश के श्रद्धालुओं को बेहतरीन सफाई व्यवस्था की सुविधा मिलेगी। वहीं कुंभ के बाद शहर की सफाई को सुदृढ़ बनाने के लिए ये मशीनें बेहद उपयोगी साबित होगी। उन्होंने बताया कि मशीनों से रात को भी सफाई हो पाएगी।
विज्ञापन
-----------------------
सफाई कर्मचारियों की कमी भी होगी दूर
अभी नगर निगम के पास करीब 600 कर्मचारी हैं। जबकि शहर की मौजूदा आबादी करीब पांच लाख का आंकड़ा पार गई है। वार्डों की संख्या भी 30 से बढ़कर और 60 हो गई है। इसलिए शहर की सफाई व्यवस्था को बनाए रखने में कर्मचारियों की कमी आड़े आ रही है। जब स्ट्रीट वैक्यूम क्लीनर मशीनों से सफाई शुरू होगी तो मुख्य मार्गों की सफाई केे लिए कर्मचारियों की जरूरत नहीं पड़ेगी। तब ये कर्मचारी गलियों के सफाई कार्य में लगाए जाएंगे।
विज्ञापन