फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Haridwar News ›   one lakh rupees theft

दो लोगों के खाते से उड़ाए एक लाख पांच हजार

Tue, 07 Jul 2015 12:40 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/रुड़की
ब्यूरो, अमर उजाला/रुड़की Updated Tue, 07 Jul 2015 12:40 AM IST
विज्ञापन
one lakh rupees theft

अभी तक एटीएम कार्ड का नंबर और पिन पूछकर पैसे निकालने के मामले सामने आते रहे हैं। अब शातिर लोग बिना नंबर और पिन कोड पूछे ही एटीएम से नकदी साफ करने लगे हैं। सोमवार को दो ऐसे मामले सामने आए। भगवानपुर की एक कंपनी के डायरेक्टर के खाते से 80 हजार और रेलवे स्टेशन मास्टर की पत्नी के खाते से 25 हजार रुपये निकाल लिए गए।

विज्ञापन


सोमवार को रुड़की के रेलवे स्टेशन अधीक्षक एसके वर्मा अपनी पत्नी अंजलि वर्मा के साथ कोतवाली गंगनहर पहुंचकर बताया कि रविवार शाम उनके एटीएम से किसी ने 25 हजार रुपये निकाल लिए। जबकि एटीएम उनके पास ही है। दूसरी घटना भगवानपुर स्थित एवरेस्ट कंपनी के डायरेक्टर पी मुखर्जी के साथ हुआ।
विज्ञापन


मुखर्जी ने सोमवार सुबह अपना मोबाइल देखा तो उसमें एटीएम से रुपये निकाले जाने के आठ मैसेज आए हुए थे। हर मैसेज में दस-दस हजार रुपये निकले हुए थे। उन्होंने तत्काल बैंक से संपर्क किया और अपना एटीएम कार्ड ब्लॉक करा दिया। इसके बाद वह कोतवाली सिविल लाइंस पहुंचे।
विज्ञापन
विज्ञापन


उन्होंने पुलिस को बताया कि उनके खाते से रविवार की रात 11.30 बजे से रात 12 बजे तक चार बार में 40 हजार रुपये निकाले गए। रात 12 बजे के बाद फिर से चार बार में 40 हजार रुपये निकाले गए। यह सभी रुपये भी दिल्ली के एक एटीएम से निकाले गए हैं। पी मुखर्जी ने मामले की तहरीर पुलिस को दे दी है।

बैंक अधिकारियों की मानें तो जिस तरह से एटीएम कार्ड न होने के बाद भी एटीएम से पैसे निकाले जा रहे हैं उसे देखकर ऐसा लगता है कि किसी ने एटीएम को ही हैक कर पैसे निकाले हैं या फिर एटीएम का क्लोन तैयार किया है। मालूम हो कि रविवार को ब्लॉक भगवानपुर के एक वीडीओ सलामत अली के खाते से एक लाख तीस हजार रुपये निकाल लिए गए थे। यह रकम भी वेस्ट दिल्ली स्थित किसी एटीएम से निकाली गई।


पुलिस ने दर्ज नहीं किया मुकदमा
एटीएम से निकाली जा रही रकम के मामले में पुलिस ने मुकदमा दर्ज नहीं किया। पुलिस का रवैय टाल मटौल वाला ही रहा। रविवार को ग्राम विकास अधिकारी सलामत के खाते से पैसे निकाल गए थे। सोमवार को वह पहले भारतीय स्टेट बैंक गए तो आरोप है कि वहां मौजूद अधिकारियों ने कोई भी मदद करने से इंकार कर दिया।


उनके साथ आए लोगों ने हंगामा किया तो अधिकारी मदद के लिए तैयार हुए। गंगनहर कोतवाली पुलिस ने रिपोर्ट दिल्ली में दर्ज होगी कहकर टाल दिया। यहां सलामत अली और स्टेशन अधीक्षक एसके वर्मा को तहरीर देने के लिए भी काफी जद्दोजहद करनी पड़ी। सीओ कुलदीप असवाल ने बताया कि जो भी शिकायतें आई हैं। उनकी जांच कराई जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed