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गैंगेस्टर अपराधियों को तीन-तीन साल की सजा
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रोशनाबाद। संगठित गिरोह बनाकर अपहरण और डकैती जैसे अपराध करने वाले चार अपराधियों को गैंगस्टर के विशेष जज और तृतीय अपर सत्र न्यायाधीश वरुण कुमार ने तीन तीन वर्ष के कठोर कारावास और पांच पांच हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। अर्थदंड अदा न करने पर अभियुक्तों को तीन तीन माह का अतिरिक्त कारावास भी भुगतना पड़ेगा।
अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता संगीता रानी ने बताया कि डीएम की ओर से जारी गैंगचार्ट पर अब्दुल रहीम पुत्र वहीद निवासी ग्राम कासमपुर थाना पथरी हरिद्वार, उस्मान पुत्र फारूक, अफसर अली पुत्र अशरफ निवासी तेवड़ा ककरोली मुजफ्फरनगर और हाकम पुत्र जाबिर हसन निवासी संघीपुर थाना लक्सर जिला हरिद्वार के खिलाफ मुकदमा तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक जसवीर सिंह पुंडीर ने लक्सर कोतवाली में दर्ज कराया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि अब्दुल रहीम गिरोह का सरगना और उसके साथी अपहरण व डकैती आदि समाज विरोधी क्रियाकलाप करते हैं। आरोपियों के आतंक से जनता के लोग इनके खिलाफ गवाही देने से भी डरते हैं। मामले से संबंधित मुकदमे में अभियोजन पक्ष की ओर से 10 गवाह पेश किए गए। दोनों पक्षों को सुनने के बाद विशेष न्यायाधीश वरुण कुमार ने आरोपी अब्दुल रहीम, उस्मान, अफसर अली और हाकम को दोषी पाते हुए तीन-तीन साल के कठोर कारावास और पांच पांच हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई।
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अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता संगीता रानी ने बताया कि डीएम की ओर से जारी गैंगचार्ट पर अब्दुल रहीम पुत्र वहीद निवासी ग्राम कासमपुर थाना पथरी हरिद्वार, उस्मान पुत्र फारूक, अफसर अली पुत्र अशरफ निवासी तेवड़ा ककरोली मुजफ्फरनगर और हाकम पुत्र जाबिर हसन निवासी संघीपुर थाना लक्सर जिला हरिद्वार के खिलाफ मुकदमा तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक जसवीर सिंह पुंडीर ने लक्सर कोतवाली में दर्ज कराया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि अब्दुल रहीम गिरोह का सरगना और उसके साथी अपहरण व डकैती आदि समाज विरोधी क्रियाकलाप करते हैं। आरोपियों के आतंक से जनता के लोग इनके खिलाफ गवाही देने से भी डरते हैं। मामले से संबंधित मुकदमे में अभियोजन पक्ष की ओर से 10 गवाह पेश किए गए। दोनों पक्षों को सुनने के बाद विशेष न्यायाधीश वरुण कुमार ने आरोपी अब्दुल रहीम, उस्मान, अफसर अली और हाकम को दोषी पाते हुए तीन-तीन साल के कठोर कारावास और पांच पांच हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई।
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