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गंगा अपने द्रोहियों को माफ नहीं करती: शिवानंद
Updated Sat, 16 Jun 2018 12:36 AM IST
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हरिद्वार। मातृसदन के संन्यासी निगमानंद सरस्वती की पुण्यतिथि पर चल रहे चार दिवसीय श्रद्धांजलि समारोह के तीसरे दिन वक्ताओं ने गंगा में चल रहे खनन पर चिंता जताई। मातृसदन के परमाध्यक्ष स्वामी शिवानंद सरस्वती ने कहा कि गंगा अपने द्रोहियों को कभी माफ नहीं करती। उन्होंने गंगा की रक्षा के लिए प्रभावी कदम नहीं उठाए जाने को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत से लेकर स्थानीय प्रशासन तक सभी की भूमिका पर सवाल उठाए।
मातृसदन में ब्रह्मलीन निगमानंद सरस्वती की समाधि के पास आयोजित सभा को संबोधित करते हुए स्वामी शिवानंद सरस्वती ने कहा कि गंगा में खनन नहीं किया जा सकता लेकिन नियमों को ताक पर रखकर अवैध खनन किया जा रहा है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गंगा के बारे में दिए गए बयान को लेकर कहा कि मुझे तो गंगा ने बुलाया है का दावा करने वाले भी गंगा की सुध नहीं ले रहे। मुख्यमंत्री की कार्य प्रणाली पर भी उन्होंने सवाल उठाए। स्वामी ज्ञानस्वरूप सानंद ने कहा कि नियम और कानून बनते तो हैं लेकिन उन पर अमल नहीं होता। कोई भी कर्मचारी और अधिकारी नियमों के अनुपालन के समय अपने बड़े अधिकारी की तरफ नजर उठाकर देखता है कि अमल करना है या नहीं। ऐसा ही गंगा के मामले में भी हो रहा है। इस दौरान जगजीतपुर के समाजसेवी दिनेश वालिया, प्रदीप कुमार ब्रह्मचारी दयानंद, पुण्यानंद, आत्मबोधानंद, यजनानंद, समेत कई अन्य लोगों ने संयासी निगमानंद को श्रद्धासुमन अर्पित किए। श्रद्धांजलि समारोह शनिवार को समीक्षा बैठक के साथ संपन्न होगा।
मातृसदन में ब्रह्मलीन निगमानंद सरस्वती की समाधि के पास आयोजित सभा को संबोधित करते हुए स्वामी शिवानंद सरस्वती ने कहा कि गंगा में खनन नहीं किया जा सकता लेकिन नियमों को ताक पर रखकर अवैध खनन किया जा रहा है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गंगा के बारे में दिए गए बयान को लेकर कहा कि मुझे तो गंगा ने बुलाया है का दावा करने वाले भी गंगा की सुध नहीं ले रहे। मुख्यमंत्री की कार्य प्रणाली पर भी उन्होंने सवाल उठाए। स्वामी ज्ञानस्वरूप सानंद ने कहा कि नियम और कानून बनते तो हैं लेकिन उन पर अमल नहीं होता। कोई भी कर्मचारी और अधिकारी नियमों के अनुपालन के समय अपने बड़े अधिकारी की तरफ नजर उठाकर देखता है कि अमल करना है या नहीं। ऐसा ही गंगा के मामले में भी हो रहा है। इस दौरान जगजीतपुर के समाजसेवी दिनेश वालिया, प्रदीप कुमार ब्रह्मचारी दयानंद, पुण्यानंद, आत्मबोधानंद, यजनानंद, समेत कई अन्य लोगों ने संयासी निगमानंद को श्रद्धासुमन अर्पित किए। श्रद्धांजलि समारोह शनिवार को समीक्षा बैठक के साथ संपन्न होगा।
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