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निजी स्कूलों के मनमानी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग
Updated Fri, 04 May 2018 11:12 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
राष्ट्रीय सावक मंच ने शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे, मुख्य सचिव एवं जिला मुख्य शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन भेजकर निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। ज्ञापन में बताया गया है कि शहर के निजी स्कूलों में वार्षिक शुल्क, कंप्यूटर शुल्क, जनरेटर शुल्क के नाम छात्र-छात्राओं का उत्पीड़न किया जा रहा है। साथ ही निजी स्कूलों में सीबीएसई बोर्ड-2009 की नियमावली का भी खुलेआम उल्लंघन किया जा रहा है।
मंच के संयोजक चंद्रमोहन कौशिक ने बताया कि निजी स्कूलों में छात्र-छात्राओं से विभिन्न प्रकार का शुल्क लेकर मोटी रकम वसूली की जा रही है। अभिभावकों का निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ आवाज उठाने पर उनके बच्चों को स्कूल से निकालने की धमकी दी जाती है। इस संबंध में जिला शिक्षा अधिकारी और नगर मजिस्ट्रेट को भी ज्ञापन देकर अवगत कराया जा चुका है। बावजूद इसके निजी स्कूल अपनी मनमानी से बाज नहीं आ रहे हैं। मंच के अध्यक्ष नरेश शर्मा ने बताया कि निजी स्कूल में एनसीईआरटी की किताबों के स्थान पर निजी प्रकाशकों की महंगी किताबें लगाई जा रही हैं। ज्ञापन देने वालों में जितेंद्र सिंह, आयुष शर्मा, विवेक त्यागी, वंदना शर्मा, रवि, बशीर अहमद, मदन गर्ग आदि मौजूद थे।
हरिद्वार।
राष्ट्रीय सावक मंच ने शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे, मुख्य सचिव एवं जिला मुख्य शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन भेजकर निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। ज्ञापन में बताया गया है कि शहर के निजी स्कूलों में वार्षिक शुल्क, कंप्यूटर शुल्क, जनरेटर शुल्क के नाम छात्र-छात्राओं का उत्पीड़न किया जा रहा है। साथ ही निजी स्कूलों में सीबीएसई बोर्ड-2009 की नियमावली का भी खुलेआम उल्लंघन किया जा रहा है।
मंच के संयोजक चंद्रमोहन कौशिक ने बताया कि निजी स्कूलों में छात्र-छात्राओं से विभिन्न प्रकार का शुल्क लेकर मोटी रकम वसूली की जा रही है। अभिभावकों का निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ आवाज उठाने पर उनके बच्चों को स्कूल से निकालने की धमकी दी जाती है। इस संबंध में जिला शिक्षा अधिकारी और नगर मजिस्ट्रेट को भी ज्ञापन देकर अवगत कराया जा चुका है। बावजूद इसके निजी स्कूल अपनी मनमानी से बाज नहीं आ रहे हैं। मंच के अध्यक्ष नरेश शर्मा ने बताया कि निजी स्कूल में एनसीईआरटी की किताबों के स्थान पर निजी प्रकाशकों की महंगी किताबें लगाई जा रही हैं। ज्ञापन देने वालों में जितेंद्र सिंह, आयुष शर्मा, विवेक त्यागी, वंदना शर्मा, रवि, बशीर अहमद, मदन गर्ग आदि मौजूद थे।
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