{"_id":"67f40707033fd9e1e90be403","slug":"specialist-doctors-will-not-be-available-in-hospitals-in-the-district-on-10th-and-11th-april-champawat-news-c-8-1-hld1026-541437-2025-04-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Champawat News: जिले में 10 और 11 अप्रैल को अस्पतालों में नहीं मिलेंगे विशेषज्ञ चिकित्सक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Champawat News: जिले में 10 और 11 अप्रैल को अस्पतालों में नहीं मिलेंगे विशेषज्ञ चिकित्सक
Mon, 07 Apr 2025 10:40 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
Updated Mon, 07 Apr 2025 10:40 PM IST
विज्ञापन
प्रांतीय चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा संघ के सदस्य दो दिन के अवकाश को लेकर सीएमओ को ज्ञापन देते
चंपावत। जिले के प्रांतीय चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा संघ के चिकित्सकों ने 10 और 11 अप्रैल को निदेशालय में सांकेतिक धरना-प्रदर्शन को लेकर सीएमओ डॉ. देवेश चौहान को ज्ञापन दिया। जिले के अस्पतालों में दो दिनों तक चिकित्सक नहीं मिलेंगे।
सोमवार को संघ के अध्यक्ष डॉ. नरेंद्र चौहान ने बताया कि 11 अप्रैल को निदेशालय में धरना और उग्र आंदोलन किया जाएगा। सरकार पर्वतीय क्षेत्र के मेडिकल कॉलेजों में विशेषज्ञ चिकित्सकों को 50 प्रतिशत अतिरिक्त वेतन दे रही है। स्वास्थ्य मंत्री और सचिव के सहमति के बाद भी अतिरिक्त वेतन नहीं दिया जा रहा है। पहाड़ी जिले टिहरी, अल्मोड़ा, नैनीताल, मसूरी क्षेत्र को सुगम कर दिया है।
पहले सभी दुर्गम क्षेत्र में आते थे। एडीएसीपी में शिथिलीकरण दिया जाना है, इसका शासनादेश भी है। पूर्व में भी शासन स्तर पर इसका लाभ दिया जाता रहा है। सचिव इस पर अपनी सहमति दे चुके हैं पर बार-बार आपत्तियां लगाकर प्रकरण को लटकाया जा रहा है। बैठक में डॉ. विराज राठी, डॉ. अजय कुमार, डॉ. यश मोहन, डॉ. धनंजय पाठक, डॉ. कर्णिका पंत, डॉ. मनोज आदि रहे। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन
सोमवार को संघ के अध्यक्ष डॉ. नरेंद्र चौहान ने बताया कि 11 अप्रैल को निदेशालय में धरना और उग्र आंदोलन किया जाएगा। सरकार पर्वतीय क्षेत्र के मेडिकल कॉलेजों में विशेषज्ञ चिकित्सकों को 50 प्रतिशत अतिरिक्त वेतन दे रही है। स्वास्थ्य मंत्री और सचिव के सहमति के बाद भी अतिरिक्त वेतन नहीं दिया जा रहा है। पहाड़ी जिले टिहरी, अल्मोड़ा, नैनीताल, मसूरी क्षेत्र को सुगम कर दिया है।
विज्ञापन
पहले सभी दुर्गम क्षेत्र में आते थे। एडीएसीपी में शिथिलीकरण दिया जाना है, इसका शासनादेश भी है। पूर्व में भी शासन स्तर पर इसका लाभ दिया जाता रहा है। सचिव इस पर अपनी सहमति दे चुके हैं पर बार-बार आपत्तियां लगाकर प्रकरण को लटकाया जा रहा है। बैठक में डॉ. विराज राठी, डॉ. अजय कुमार, डॉ. यश मोहन, डॉ. धनंजय पाठक, डॉ. कर्णिका पंत, डॉ. मनोज आदि रहे। संवाद
विज्ञापन