फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Champawat News ›   Only one ambulance is available for 30,000 people in the Reetha Sahib area.

Champawat News: रीठा साहिब क्षेत्र में 30 हजार आबादी के लिए सिर्फ एक एंबुलेंस का सहारा

Thu, 13 Nov 2025 11:34 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत Updated Thu, 13 Nov 2025 11:34 PM IST
विज्ञापन
Only one ambulance is available for 30,000 people in the Reetha Sahib area.
रीठा साहिब (चंपावत)। धार्मिक और ऐतिहासिक रूप से प्रसिद्ध रीठा साहिब क्षेत्र की करीब 30 हजार आबादी के लिए एकमात्र एंबुलेंस वाहन सेवा पर्याप्त नहीं है। एंबुलेंस सेवा नियमित नहीं होने से लोगों को कई बार निजी एंबुलेंस बुक कराकर इलाज के लिए अस्पताल जाना पड़ता है। उन्हें एंबुलेंस वाहन खराब होने पर 3500 रुपये खर्च करने पड़ रहे हैं। क्षेत्रवासियों न रीठा साहिब के लिए अतिरिक्त एबुंलेंस की मांग की है।
विज्ञापन

एंबुलेंस सेवा पर टाण, गोलडाडा, नौलिया गांव, रमक, मंगल लेक, बरसी, खरही, भिंगराड़ा, गोली, चलथियां, परेवा, बालातड़ी, लधौली, दुबचौड़ा, बिनवाल गांव, चौड़ापिता, चौड़ा मेहता, कुलियाल गांव, मछियाड़, साल सहित गांव के लोग निर्भर हैं। 108 एंबुलेंस प्रभारी कमल शर्मा ने बताया कि रीठा साहिब क्षेत्र में एक एंबुलेंस तैनात है। क्षेत्र के दरबार सिंह बोरा, रमेश चंद्र भट्ट, दिनेश चंद्र भट्ट, राजू गोस्वामी, लक्ष्मण सिंह मेहता, चंद्रशेखर गुड़कोटी, विनोद बड़ेला आदि ने क्षेत्र में एक और एंबुलेंस की मांग की है।
विज्ञापन

कोट
रीठसाहिब में एंबुलेंस सेवा नियमित नहीं होने से कई बार जान सकते में आ जाती है। समय असमय टैक्सी बुक करनी पड़ता है। धार्मिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्र में दो एंबुलेंस की जरूरत है। - मोहन चंद्र, स्थानीय
विज्ञापन
विज्ञापन

रीठासाहिब में एक एंबुलेंस नाकाफी है। यहां एक 108 एंबुलेंस सेवा और चलाने की जरूरत है। गरीब परिवारों के लिए वाहन बुक कर अस्पताल जाना आसान नहीं होता है।
- अनिल वर्मा, स्थानीय
108 एंबुलेंस इतनी बार खराब हो गया है कि अब तो इससे विश्वास उठ गया है। लोगों ने 108 पर कॉल करना कम कर दिया है। कई बार कॉल करने के बाद पता चलता है कि एंबुलेंस खराब है। - रुद्र सिंह मेहता, स्थानीय

108 एंबुलेंस लोगों के लिए जी का जंजाल बन गया है। धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण इस क्षेत्र में 108 की सेवा नियमित रूप से संचालित नहीं होती है। ऐसे में बीमार लोगों के लिए टैक्सी बुक करना मजबूरी है। - दीपेंद्र चंद्र कुलियाल, स्थानीय
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed