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भारत से वतन लौटने लगे नेपाली प्रवासी
विनोद काला/अमर उजाला, बनबसा
Updated Thu, 08 Oct 2015 10:24 PM IST
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नेपाल में दशहरा एवं अन्य त्योहार मनाने को लेकर विभिन्न भारतीय शहरों से नेपाली नागरिकों की वतन वापसी बहुतायत में होने लगी है। इनमें ज्यादातर मेहनत-मजदूरी करने वाले नेपाली प्रवासी हैं। बता दें कि हिमाचल के सेब बागानों में काम संपन्न होने के बाद भी बड़ी संख्या में नेपाली नागरिक अपने गांवों को लौटते हैं। उधर, बनबसा बॉर्डर से होकर नेपाल जाने वाले वाहनों की आवाजाही पूर्ववत जारी रही।
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इन दिनों शिमला से बहुतायत में नेपाली नागरिक वतन लौट रहे हैं। शिमला से लौटने वाले नेपाली नागरिक कैलाली, वर्दिया, आच्छाम, डोटी और बैतड़ी जिले के हैं। मुंबई, गुजरात, बंगलूरू, दिल्ली, चंडीगढ़, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, उत्तराखंड से भी नेपाली नागरिक वतन लौट रहे हैं। अब वे दशहरा, दीपावली और नई फसल की बुआई के बाद फिर काम की तलाश में भारत का रुख करेंगे। इमिग्रेशन चेकपोस्ट अधिकारी आरपी टम्टा ने बताया कि इन दिनों इस सीमा से प्रतिदिन ढाई से तीन हजार नेपाली प्रवासी वतन लौट रहे हैं।
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चेकिंग के नाम पर न हो उत्पीड़न
नेपाल चैंबर आफ कामर्स के पूर्व अध्यक्ष हेम विक्रम थापा ने भारतीय कस्टम कर्मियों पर नेपाली प्रवासी नागरिकों के उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए एंबेसी को पत्र भेजा है। पत्र में लिखा है कि कस्टम कांस्टेबल चेकिंग के नाम पर नेपाली नागरिकों का उत्पीड़न कर उनसे लूटपाट और अवैध उगाही करते हैं। मित्रराष्ट्र होने के नाते भारत को नेपाली नागरिकों के साथ हमदर्दी जताने की मांग की है।
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