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चम्पावत: रोडवेज की पांच बसों का संचालन नहीं, यात्री परेशान
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चंपावत। पटवारी, लेखपाल भर्ती के लिए रविवार को हुई परीक्षा का असर एक दिन बाद सोमवार को परिवहन सेवाओं पर पड़ा। कई मार्गों पर सोमवार को बसों के लिए यात्रियों को इंतजार करना पड़ा। चंपावत से सुबह नैनीताल तक चलने वाली एकमात्र बस भी न चलने से लोगों को परेशानी हुई। चार अन्य बसों का संचालन भी स्थगित रहा।
यहां से सोमवार को हल्द्वानी, काशीपुर, नैनीताल की एक-एक और बरेली रूट की दो बसों का संचालन नहीं हुआ जबकि दिल्ली, देहरादून, ऋषिकेश, गुरुग्राम की बस सेवा नियमित रही। लोहाघाट डिपो के एजीएम नरेंद्र कुमार गौतम ने बताया कि रविवार को परीक्षार्थियों को टनकपुर तक पहुंचाने के लिए लगाई गईं बसों में से पांच के निर्धारित समय तक न पहुंच पाने से बस सेवा आंशिक रूप से प्रभावित हुई। इससे राजस्व का भी नुकसान हुआ है। सोमवार को विभिन्न रूटों पर कुल 15 बसें चलीं।
कई रूटों पर बसों का संचालन न होने से लोगों को टैक्सी समेत अन्य संसाधनों का सहारा लेना पड़ रहा है। इस कारण लोगों का समय और किराया अधिक लग रहा है। इससे परेशान लाेगों ने ग्रामीण रूटों पर भी रोडवेज बसों का संचालन करने की मांग की है जबकि रोडवेज के अधिकारी संसाधनों का अभाव बता रहे हैं।
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यहां से सोमवार को हल्द्वानी, काशीपुर, नैनीताल की एक-एक और बरेली रूट की दो बसों का संचालन नहीं हुआ जबकि दिल्ली, देहरादून, ऋषिकेश, गुरुग्राम की बस सेवा नियमित रही। लोहाघाट डिपो के एजीएम नरेंद्र कुमार गौतम ने बताया कि रविवार को परीक्षार्थियों को टनकपुर तक पहुंचाने के लिए लगाई गईं बसों में से पांच के निर्धारित समय तक न पहुंच पाने से बस सेवा आंशिक रूप से प्रभावित हुई। इससे राजस्व का भी नुकसान हुआ है। सोमवार को विभिन्न रूटों पर कुल 15 बसें चलीं।
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कई रूटों पर बसों का संचालन न होने से लोगों को टैक्सी समेत अन्य संसाधनों का सहारा लेना पड़ रहा है। इस कारण लोगों का समय और किराया अधिक लग रहा है। इससे परेशान लाेगों ने ग्रामीण रूटों पर भी रोडवेज बसों का संचालन करने की मांग की है जबकि रोडवेज के अधिकारी संसाधनों का अभाव बता रहे हैं।
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