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उपखनिज की चोरी रोकने के लिए संयुक्त टीम मारेगी छापा
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चंपावत कलक्ट्रेट में खनन के चुगान को लेकर अधिकारियों की बैठक लेते डीएम नरेंद्र सिंह भंडारी। संव?
- फोटो : CHAMPAWAT
चंपावत। टनकपुर की शारदा नदी से अगले साल फरवरी तक उप खनिजों (रेता, बजरी, बोल्डर) का चुगान होगा। डीएम की नरेंद्र सिंह भंडारी की अध्यक्षता में हुई बैठक में उप खनिज की चोरी रोकने के लिए पुख्ता उपाय करने के निर्देश दिए गए। डीएम ने कहा कि अवैध खनन पर लगाम लगाने के लिए पुलिस, वन और राजस्व विभाग की टीम समय- समय पर छापा मारेगी। निकासी गेटों पर सीसीटीवी कैमरे, कंप्यूटर उपकरण और कार्मिकों की तैनाती के निर्देश दिए गए।
डीएम ने कहा कि निगम के खनन अधिकारी और एआरटीओ को खनन की निकासी के मद्देनजर वाहनों के पंजीकरण की कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए हैं। खनन क्षेत्र में लगने वाले तीन हजार से अधिक मजदूरों के इलाज और परामर्श के लिए स्वास्थ्य शिविर लगाए जाएंगे। साथ ही उन्हें जूते, हेलमेट, मास्क, दस्ताने, कंबल, खनन जैकेट आदि भी दिए जाएंगे। वन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक हरीश पाल ने बताया कि खनिज सामग्री की तौल के लिए धर्मकांटे लगाए जा चुके हैं। खनन कार्य में बाहरी क्षेत्रों से आने वालों का श्रम पंजीकरण और पुलिस से सत्यापन भी कराया जाएगा। बैठक में चंपावत के डीएफओ आरसी कांडपाल, हल्द्वानी के डीएफओ बाबू लाल, सीओ बीसी पंत, एआरटीओ सुरेंद्र कुमार, नवीन देउपा आदि मौजूद थे।
दस साल के नवीनीकरण के लिए प्रस्ताव भारत सरकार को भेजा
चंपावत। शारदा नदी क्षेत्र के 384.69 हेक्टेयर क्षेत्र से उप खनिजों (रेता, बजरी, बोल्डर) की दस साल की अवधि फरवरी 2023 में पूरी हो जाएगी। इसके मद्देनजर वन विकास निगम ने खनन के नवीनीकरण के लिए प्रस्ताव भेजा है। वन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक हरीश पाल ने बताया कि शारदा नदी से खनन के लिए निगम अगले दस साल के नवीनीकरण का प्रस्ताव भारत सरकार को भेजा गया है।
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डीएम ने कहा कि निगम के खनन अधिकारी और एआरटीओ को खनन की निकासी के मद्देनजर वाहनों के पंजीकरण की कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए हैं। खनन क्षेत्र में लगने वाले तीन हजार से अधिक मजदूरों के इलाज और परामर्श के लिए स्वास्थ्य शिविर लगाए जाएंगे। साथ ही उन्हें जूते, हेलमेट, मास्क, दस्ताने, कंबल, खनन जैकेट आदि भी दिए जाएंगे। वन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक हरीश पाल ने बताया कि खनिज सामग्री की तौल के लिए धर्मकांटे लगाए जा चुके हैं। खनन कार्य में बाहरी क्षेत्रों से आने वालों का श्रम पंजीकरण और पुलिस से सत्यापन भी कराया जाएगा। बैठक में चंपावत के डीएफओ आरसी कांडपाल, हल्द्वानी के डीएफओ बाबू लाल, सीओ बीसी पंत, एआरटीओ सुरेंद्र कुमार, नवीन देउपा आदि मौजूद थे।
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दस साल के नवीनीकरण के लिए प्रस्ताव भारत सरकार को भेजा
चंपावत। शारदा नदी क्षेत्र के 384.69 हेक्टेयर क्षेत्र से उप खनिजों (रेता, बजरी, बोल्डर) की दस साल की अवधि फरवरी 2023 में पूरी हो जाएगी। इसके मद्देनजर वन विकास निगम ने खनन के नवीनीकरण के लिए प्रस्ताव भेजा है। वन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक हरीश पाल ने बताया कि शारदा नदी से खनन के लिए निगम अगले दस साल के नवीनीकरण का प्रस्ताव भारत सरकार को भेजा गया है।
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