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पूर्णागिरि धाम में हनुमानचट्टी के पास आधी सड़क धंसी
ब्यूरो/अमर उजाला,टनकपुर
Updated Sun, 23 Jul 2017 10:29 PM IST
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पूर्णागिरी मंदिर
- फोटो : अमर उजाला
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बारिश से छिन्न-भिन्न हुई मां पूर्णागिरि धाम की व्यवस्थाओं के प्रति प्रशासन की उदासीनता से धाम के पुजारियों और व्यापारियों में खासा रोष बना हुआ है। हनुमान चट्टी के पास सड़क की निचली पहाड़ी के दरकने से सड़क का आधा हिस्सा ध्वस्त हो गया है। बाटनागाड़ से मुख्य मंदिर तक रास्ता बदहाल है, लेकिन रास्ते की दशा सुधारने की दशा में कोई काम नहीं हो रहा है। पेयजल लाइन क्षतिग्रस्त होने से धाम क्षेत्र पानी के संकट से जूझ रहा है।
बारिश के मौसम में भी लोग दूर-दराज से मां पूर्णागिरि के दर्शन को पहुंच रहे हैं। सावन का माह होने से इन दिनों श्रद्घालुओं की बड़ी संख्या में आवाजाही हो रही है, लेकिन व्यवस्थाओं के प्रति प्रशासन की उदासीनता से लोग परेशानी झेलने को विवश हैं। बाटनागाड़ में आने वाले मलबे से आवाजाही लंबे समय तक बाधित न हो इसके इसके लिए लोनिवि को बाटनागाड़ में 24 घंटे जेसीबी तैनात रखने के निर्देश दिए गए हैं, मगर मौके पर जेसीबी तैनात नहीं है। जिस कारण रास्ते में पड़ा मलबा यात्रियों के लिए मुसीबत बना हुआ है। हनुमान चट्टी के पास सड़क की निचली पहाड़ी दरकने से आधा सड़क धंस गई है, जिससे कभी भी हादसे का खतरा बना हुआ है। मंदिर समिति ने प्रशासन व व्यवस्था से जुड़े विभागों की उदासीनता पर कड़ा रोष जताया है। समिति के अध्यक्ष भुवन चंद्र पांडेय ने धाम क्षेत्र की ध्वस्त व्यवस्थाओं को शीघ्र दुरुस्त करने की मांग की है।
बारिश के मौसम में भी लोग दूर-दराज से मां पूर्णागिरि के दर्शन को पहुंच रहे हैं। सावन का माह होने से इन दिनों श्रद्घालुओं की बड़ी संख्या में आवाजाही हो रही है, लेकिन व्यवस्थाओं के प्रति प्रशासन की उदासीनता से लोग परेशानी झेलने को विवश हैं। बाटनागाड़ में आने वाले मलबे से आवाजाही लंबे समय तक बाधित न हो इसके इसके लिए लोनिवि को बाटनागाड़ में 24 घंटे जेसीबी तैनात रखने के निर्देश दिए गए हैं, मगर मौके पर जेसीबी तैनात नहीं है। जिस कारण रास्ते में पड़ा मलबा यात्रियों के लिए मुसीबत बना हुआ है। हनुमान चट्टी के पास सड़क की निचली पहाड़ी दरकने से आधा सड़क धंस गई है, जिससे कभी भी हादसे का खतरा बना हुआ है। मंदिर समिति ने प्रशासन व व्यवस्था से जुड़े विभागों की उदासीनता पर कड़ा रोष जताया है। समिति के अध्यक्ष भुवन चंद्र पांडेय ने धाम क्षेत्र की ध्वस्त व्यवस्थाओं को शीघ्र दुरुस्त करने की मांग की है।
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