लोहाघाट (चंपावत)। विकासखंड बाराकोट के लड़ीधूरा जंगल में अराजक तत्वों ने मंगलवार को आग लगा दी। इससे वन संपदा को काफी नुकसान पहुंचा। लड़ीधूरा शैक्षिक एवं सांस्कृतिक मंच के पदाधिकारियों ने करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। ग्रामीणों ने आग लगाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की हैं।
लड़ीधूरा मंच के अध्यक्ष नगेंद्र कुमार जोशी ने बताया कि सोमवार रात को लड़ीधूरा के जंगल धू-धू कर जल रहे थे। जंगल में आग लगती देखते मंच के सदस्य और अन्य ग्रामीण जंगल पहुंचे। उन्होंने दो घंटे की मशक्कत के बाद रात साढ़े दस बजे आग पर काबू पाया। नगेंद्र ने बताया कि जंगल में शराब की खाली बोतलें, बीड़ी, सिगरेट आदि मिले। इसे देखते हुए लगा कि यहां अराजक तत्वों ने पार्टी की थी। इसके बाद वह आग लगाकर फरार हो गए। बताया कि कोरोना काल में स्कूल बंद हैं। बड़ी संख्या में प्रवासी गांवों में लौटे हैं। इनमें से ही कुछ लोग जंगल जा रहे हैं। नकुल जोशी, गीतांजलि जोशी, दुर्गेश जोशी, नवल किशोर जोशी, जितेंद्र जोशी, रजनी जोशी, गौरव जोशी, कमल जोशी, जनार्दन जोशी, रवीश जोशी, प्रेमबल्लभ जोशी आदि ने आग बुझाने में सहयोग किया। वहीं रेंजर हेम चंद्र गहतोड़ी का कहना है कि वनों में आग लगाना बड़ा अपराध है। पकड़े जाने पर संबंधित व्यक्तियों पर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने वनों में आग लगाने वालों की सूचना वन विभाग या पुलिस को देने की अपील की है।