लोहाघाट (चंपावत)। विकासखंड बाराकोट के पम्दा और झिरकुनी के जंगलों में लगी आग पर सोमवार की देर रात काबू पा लिया गया। ग्रामीणों और वन कर्मियों की मशक्कत के बाद आग शांत हो पाई जिससे गांव के लोगों ने राहत की सांस ली।
लड़ीधुरा शैक्षिक सांस्कृतिक मंच के अध्यक्ष नगेंद्र कुमार जोशी ने बताया कि पम्दा और झिरकुनी के जंगलों में करीब तीन चार दिनों से आग लगी थी लेकिन आग बुझाने के लिए वन विभाग की ओर से कोई कदम नहीं उठाया गया। धीरे-धीरे आग बढ़ते हुए गांव में पहुंच गई। आग ने कई लोगों के घास और लकड़ियों के ढेर जला दिए।
सोमवार की देर रात ग्रामीणों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। आग से गिरधारी प्रसाद, चनी देवी के तीन-तीन और निर्मला देवी के दो घास के ढेर राख हो गए। आग बुझाने में गिरधारी प्रसाद का चेहरा आंशिक रूप से झुलस गया। आग बुझाने में सूरज कुमार, हिमांशु टम्टा, पंकज टम्टा, सुरेश राम, तुला राम आदि ने सहयोग किया।