फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Champawat News ›   DM refuses to meet truck association

डीएम ने ट्रक एसोसिएशन से मिलने से इनकार किया

Fri, 19 Jan 2018 10:53 PM IST
अमर उजाला ब्यूूूूराे चंपावत
अमर उजाला ब्यूूूूराे चंपावत Updated Fri, 19 Jan 2018 10:53 PM IST
विज्ञापन
DM refuses to meet truck association
चंपावत में डीएम से मिलने कलक्ट्रेट पहुंचे शक्तिमान ट्रक संचालक। - फोटो : अमर उजाला

विज्ञापन
टनकपुर की शारदा नदी से खनन निकासी कार्य में ट्रैक्टरों को भी अनुमति देने के विरोध में शक्तिमान ट्रक एसोसिएशन ने शुक्रवार को डीएम डा.अहमद इकबाल से मुलाकात का प्रयास किया, लेकिन डीएम ने एसोसिएशन के शिष्टमंडल से मिलने से इनकार कर दिया। उन्होंने शिष्टमंडल को एडीएम हेमंत वर्मा से मिलकर अपनी समस्या बताने को कहा, लेकिन एडीएम के मुख्यालय से बाहर होने के कारण शिष्टमंडल को मायूस होकर लौटना पड़ा। एसोसिएशन ने टनकपुर में बेवजह धारा-144 लगाने पर भी आपत्ति जताई है।

एसोसिएशन का कहना है कि आपातकाल को छोड़कर अब तक टनकपुर के हालात कभी इस तरह नहीं बिगड़े हैं कि प्रशासन को धारा-144 लगानी पड़े, लेकिन प्रशासन सत्ता के दबाव में धारा-144 लागू कर लोगों को संवैधानिक अधिकारों से वंचित किया जा रहा है। एसोसिएशन के अध्यक्ष योगी ज्याल के नेतृत्व में आए शिष्टमंडल का कहना था खनन क्षेत्र में 335 शक्तिमान ट्रक खनन निकासी के कार्य में लगे हैं, लेकिन उच्च न्यायालय के निर्देश पर डीएम की ओर से ट्रैक्टरों के जरिए भी खनन निकासी की अनुमति देकर खनन क्षेत्र में हड़ताल के हालात पैदा कर दिए हैं। चार दिनों से चल रही हड़ताल के कारण सरकार को प्रतिदिन 22 लाख रुपये के राजस्व का चूना लग रहा है। साथ ही दस हजार से अधिक लोगों का रोजगार प्रभावित हो रहा है। शिष्टमंडल में दीपक नाथ, मुकेश साहू, कुलदीप पाटनी, जीत सिंह, विशाल सिंह, प्रदीप शर्मा आदि शामिल रहे। उधर, डीएम का कहना है कि खेल मंत्री के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग में व्यस्त होने के कारण उन्होंने शिष्टमंडल को एडीएम से मिलने को कहा।
विज्ञापन


सभी वाहनों के लिए हो खनन निकासी की छूट
चंपावत। भाजपा नेता और टैक्सी यूनियन के पदाधिकारी नारायण सिंह गैंडा ने शारदा नदी से खनन निकासी के लिए सभी वाहनों को छूट देने की मांग उठाई है। उनका कहना है कि जो भी वाहन खनन निकासी करना चाहे वह वन विभाग का रवन्ना कटा कर खनन सामग्री की निकासी करे। इससे किसी तरह का विवाद नहीं होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed