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Champawat News: पूर्व सैनिक और उनके आश्रितों को निशुल्क विधिक सेवा देने की मांग

Tue, 23 Dec 2025 10:51 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्पावत Updated Tue, 23 Dec 2025 10:51 PM IST
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Demand for free legal services to ex-servicemen and their dependents
टनकपुर के टीआरसी में पूर्व सैनिक संगठन के प्रतिनि​धियों से संवाद करते सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर
टनकपुर (चंपावत)। सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति एन. कोटिश्वर सिंह ने पूर्व सैनिकों और जनजाति के प्रतिनिधिमंडल के साथ संवाद किया। इस दौरान सैनिकों ने पूर्व सैनिक और उनके आश्रितों के लिए निशुल्क विधिक सेवा और थारु जनजाति की ओर से आश्रम पद्धति स्कूलों के उच्चीकरण समेत कई समस्याओं के निराकरण का आग्रह किया।
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सोमवार देर रात को चंपावत से लौटते समय केएमवीएन के टीआरसी में सुप्रीम कोर्ट के न्यायमूर्ति सिंह से संवाद में पूर्व सैनिकों ने पेंशन से जुड़ी समस्याओं को रखा। पूर्व सैनिकों ने कहा कि मित्र राष्ट्र नेपाल में रहने वाले भारतीय पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों को भी पेंशन में दिक्कत आ रही है। पूर्व सैनिक की मृत्यु के बाद उनकी पत्नी को पेंशन मिलने में कई-कई वर्ष लग जाते हैं। इसके समाधान और पूर्व सैनिकों और आश्रितों को निशुल्क विधिक सेवा देने की मांग उठाई।
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वहां पूर्व सैनिक संगठन अध्यक्ष कैप्टन भानी चंद, सचिव सेवानिवृत्त कैप्टन गोविंद बल्लभ भट्ट, उपाध्यक्ष कैप्टन हरिश्चंद्र कापड़ी, कैप्टन चंद्रशेखर गहतोड़ी, कप्तान राजेंद्र सिंह अधिकारी, सूबेदार बुद्धि बल्लभ पांडे के अलावा राणा थारु परिषद के पूर्व अध्यक्ष रमेश राणा, प्रवक्ता बयान सिंह राणा, उपाध्यक्ष ओम प्रकाश राणा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष राम किशन सिंह, रोहित कुमार राणा, चरण सिंह राणा आदि थे। संवाद
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