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तीन माह बाद भी आरोपी का सुराग नहीं
Updated Sun, 02 Jul 2017 10:59 PM IST
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लोहाघाट (चंपावत)। काली कुमाऊं रेंज के अंतर्गत घाट के पास तेंदुए को गोली मारकर मौत के घाट उतारने वाले आरोपियों का वन विभाग की टीम सुराग लगाने में पूरी तरह नाकाम रही है। घटना के तीन माह बीतने के बावजूद भी आरोपियों का सुराग नहीं लग सका है। विभाग इस मामले में अभी तक पूछताछ करने तक ही सिमटा हुआ है।
दो अप्रैल को बाराकोट ब्लाक में घाट के समीप एक तेंदुए का शव मिला था। पोस्टमार्टम में तेंदुए की रायफल की गोली से मौत की पुष्टि हुई थी। वन विभाग ने शक के आधार पर एक व्यक्ति की राईफल और मोबाइल फोन जब्त किया था। जिसे उक्त व्यक्ति को लौटा दिया गया है। वन्य जीव प्रेमियों ने वन विभाग पर दुर्लभ प्रजाति के तेंदुए को गोली मारने वाले आरोपियों की गिरफ्तारी में हीलाहवाली करने का आरोप लगाया है। विभाग ने तेंदुए को गोली मारने वाले आरोपियों के खिलाफ थाने में प्राथमिकी दर्ज करने के बजाय विभागीय प्राथमिकी दर्ज की गई। वन विभाग ने मामले का खुलासा करने के लिए उप प्रभागीय वनाधिकारी के नेतृत्व में एक टीम गठित की गई थी। टीम ने एसएसबी के साथ मैटल डिटेक्टर से घटना स्थल में गोली खोजने का प्रयास किया, लेकिन उसे कामयाबी नहीं मिली। वन क्षेत्राधिकारी एनके पंत का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। बौतड़ी, घाट, पनार आदि स्थानों में लोगों से पूछताछ जारी है।
दो अप्रैल को बाराकोट ब्लाक में घाट के समीप एक तेंदुए का शव मिला था। पोस्टमार्टम में तेंदुए की रायफल की गोली से मौत की पुष्टि हुई थी। वन विभाग ने शक के आधार पर एक व्यक्ति की राईफल और मोबाइल फोन जब्त किया था। जिसे उक्त व्यक्ति को लौटा दिया गया है। वन्य जीव प्रेमियों ने वन विभाग पर दुर्लभ प्रजाति के तेंदुए को गोली मारने वाले आरोपियों की गिरफ्तारी में हीलाहवाली करने का आरोप लगाया है। विभाग ने तेंदुए को गोली मारने वाले आरोपियों के खिलाफ थाने में प्राथमिकी दर्ज करने के बजाय विभागीय प्राथमिकी दर्ज की गई। वन विभाग ने मामले का खुलासा करने के लिए उप प्रभागीय वनाधिकारी के नेतृत्व में एक टीम गठित की गई थी। टीम ने एसएसबी के साथ मैटल डिटेक्टर से घटना स्थल में गोली खोजने का प्रयास किया, लेकिन उसे कामयाबी नहीं मिली। वन क्षेत्राधिकारी एनके पंत का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। बौतड़ी, घाट, पनार आदि स्थानों में लोगों से पूछताछ जारी है।
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