Uttarakhand: बरातियों की लापरवाही से जंगल में आग लगने का शक, दूसरे दिन भी धधकता रहा जंगल; नोटिस भेजा
चंपावत में वन विभाग ने बरात की लापरवाही से वनाग्नि की घटना होने पर नोटिस भेजा है। 25 अप्रैल को लगी आग बुझाने में कर्मी शनिवार को भी जुटे रहे।
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बीती 25 अप्रैल को जिले के ग्राम कुकडोनी में बबीता पुत्री पुष्कर सिंह बिष्ट के विवाह के लिए सूरज सिंह भंडारी पुत्र गंगा सिंह भंडारी निवासी ग्राम कांडा की बरात सल्ली-कुकडोनी पैदल मार्ग से होते हुए गांव गई थी। इस दौरान वन आरक्षी बलवंत भंडारी पौधे लेकर जनजागरूकता के लिए विवाह स्थल जा रहे थे। उन्होंने देखा कि नीचे कुकडोनी वन क्षेत्र में आग लगी हुई है। उन्होंने तुरंत वन क्षेत्राधिकारी चंपावत डीसी जोशी को सूचना दी और वनाग्नि पर नियंत्रण का प्रयास किया। सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाने में जुट गई लेकिन सफलता नहीं मिली। शनिवार को भी वन कर्मी दिनभर आग बुझाने में जुटे रहे।
उन्होंने बताया कि भारतीय वन अधिनियम 1927 की सुसंगत धाराओं के तहत वन अपराध पंजीकृत किया गया है। जांच के बाद वास्तविक दोषियों के विरुद्ध नियमानुसार वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने आमजनता से अपील की है कि जिन ग्रामों, परिवारों में विवाह और अन्य समारोह हो रहे हैं, वह वनाग्नि की घटनाओं से बचने का प्रयास करें। खुशियों के माहौल में जंगलों में आग न लगाएं।