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महर्षि बाल्मिकी रचित रामायण में हैं 24 हजार शरेक
Updated Fri, 13 Apr 2018 11:05 PM IST
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महर्षि वाल्मीकि रचित रामायण में हैं 24 हजार श्लोक
श्रीरामधाम छतार में वाल्मीकि रामायण कथा शुरू
चंपावत। श्री रामधाम छतार में श्री वाल्मीकि रामायण कथा में पहले दिन कथा व्यास सीतारमण दास ने रामायण की उत्पत्ति पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि महर्षि वाल्मीकि रचित रामायण में 24 हजार श्लोक हैं, हर हजारवें श्लोक का शुभारंभ गायत्री मंत्र के एक-एक अक्ष का प्रतिनिधित्व करता है। गायत्री मंत्र की तरह ही वाल्मीकि रामायण तकार से आरंभ होकर तकार पर ही समाप्त होता है। देवर्षि नारद ने वाल्मीकि को श्री राम कथा सूत्र रूप में प्रदान की थी, जिससे महाकाव्य की रचना हुई। उन्होंने दशरथ के पुत्रष्ठि यज्ञ का वर्णन कर राम जन्म कथा का वर्णन किया। पहले दिन की कथा में रामधाम के सियाराम महाराज, हनुमंत सदन हल्द्वानी के हरिशरण दास, हरतोला आश्रम के हरिदास, आंवलाघाट से पवनदास महाराज ने कथा में पहुंचकर आशीर्वाद दिया। संजय पांडेय और संतोष पांडेय ने मूल पाठ किया। कथा में यजमान मनोज बिष्ट रहे। कथा सुनने के लिए बड़ी संख्या में महिलाएं आई हुई थी।
फोटो 13 सीपीटी 13 पी।
बाक्स
कल लगेगा निशुल्क चिकित्सा शिविर
चंपावत। श्रीरामधाम छतार के संचालक मौनी महाराज ने बताया कि रामकथा के दौरान रामधाम में 15 अप्रैल को निशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन भी किया जाएगा। जिसमें हल्द्वानी के विभिन्न अस्पतालों के आए चिकित्सकों की ओर से मरीजों का परीक्षण कर दवाएं वितरित की जाएंगी।
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श्रीरामधाम छतार में वाल्मीकि रामायण कथा शुरू
चंपावत। श्री रामधाम छतार में श्री वाल्मीकि रामायण कथा में पहले दिन कथा व्यास सीतारमण दास ने रामायण की उत्पत्ति पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि महर्षि वाल्मीकि रचित रामायण में 24 हजार श्लोक हैं, हर हजारवें श्लोक का शुभारंभ गायत्री मंत्र के एक-एक अक्ष का प्रतिनिधित्व करता है। गायत्री मंत्र की तरह ही वाल्मीकि रामायण तकार से आरंभ होकर तकार पर ही समाप्त होता है। देवर्षि नारद ने वाल्मीकि को श्री राम कथा सूत्र रूप में प्रदान की थी, जिससे महाकाव्य की रचना हुई। उन्होंने दशरथ के पुत्रष्ठि यज्ञ का वर्णन कर राम जन्म कथा का वर्णन किया। पहले दिन की कथा में रामधाम के सियाराम महाराज, हनुमंत सदन हल्द्वानी के हरिशरण दास, हरतोला आश्रम के हरिदास, आंवलाघाट से पवनदास महाराज ने कथा में पहुंचकर आशीर्वाद दिया। संजय पांडेय और संतोष पांडेय ने मूल पाठ किया। कथा में यजमान मनोज बिष्ट रहे। कथा सुनने के लिए बड़ी संख्या में महिलाएं आई हुई थी।
फोटो 13 सीपीटी 13 पी।
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कल लगेगा निशुल्क चिकित्सा शिविर
चंपावत। श्रीरामधाम छतार के संचालक मौनी महाराज ने बताया कि रामकथा के दौरान रामधाम में 15 अप्रैल को निशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन भी किया जाएगा। जिसमें हल्द्वानी के विभिन्न अस्पतालों के आए चिकित्सकों की ओर से मरीजों का परीक्षण कर दवाएं वितरित की जाएंगी।
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