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बारहमासी सड़क कटिंग से खतरे में आए मकान, ज्ञापन दिया
Updated Wed, 06 Jun 2018 11:37 PM IST
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लोहाघाट (चंपावत)। बाराकोट विकासखंड के सिंगदा के बागधारा के पास बारहमासी सड़क कटिंग के बाद सड़क के ऊपरी हिस्से की जमीन में दरार आने से छह मकान खतरे की जद में आ गए हैं। दरार आने से लोगों में दहशत है। ग्रामीणों ने एसडीएम को ज्ञापन देकर भूमि और मकानों की सुरक्षा की मांग की है।
ग्राम प्रधान चंद्रा देवी, राम सिंह का कहना है कि बारहमासी सड़क के चौड़ीकरण के दौरान सिंगदा बागधारा के पास सड़क की कटिंग की गई। कटिंग के बाद सड़क से करीब 50 मीटर ऊपर की भूमि में गहरी दरारें आ गई हैं। इससे शंकर लाल, सोनी देवी, भागीरथी देवी, दान सिंह, कृष्ण सिंह और गोपाल सिंह के मकानों को खतरा पैदा हो गया है। उनका कहना है कि यहां की जमीन काफी धंस गई है, जिससे यहां लोग खौफ के साये में जीने को मजबूर हैं। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि इस संबंध में कई बार प्रशासन को जानकारी भी दी गई, लेकिन कोई खास कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीण लगातार धंस रही जमीन से डरे हुए हैं। भूस्खलन की चपेट में आने से मकानों के गिरने का खतरा है। इसके अलावा यहां की पेयजल लाइन भी कई बार टूट चुकी है। अलबत्ता इसे ग्रामीणों ने कामचलाऊ व्यवस्था के तहत ठीक किया जा रहा है। नागरिकों ने प्रशासन से तत्काल मौका मुआयना कर सुरक्षा के उपाय करने की मांग की है। इधर प्रशासन का कहना है कि जल्द ही मौका मुआयना कर बचाव के कार्य कराए जाएंगे।
ग्राम प्रधान चंद्रा देवी, राम सिंह का कहना है कि बारहमासी सड़क के चौड़ीकरण के दौरान सिंगदा बागधारा के पास सड़क की कटिंग की गई। कटिंग के बाद सड़क से करीब 50 मीटर ऊपर की भूमि में गहरी दरारें आ गई हैं। इससे शंकर लाल, सोनी देवी, भागीरथी देवी, दान सिंह, कृष्ण सिंह और गोपाल सिंह के मकानों को खतरा पैदा हो गया है। उनका कहना है कि यहां की जमीन काफी धंस गई है, जिससे यहां लोग खौफ के साये में जीने को मजबूर हैं। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि इस संबंध में कई बार प्रशासन को जानकारी भी दी गई, लेकिन कोई खास कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीण लगातार धंस रही जमीन से डरे हुए हैं। भूस्खलन की चपेट में आने से मकानों के गिरने का खतरा है। इसके अलावा यहां की पेयजल लाइन भी कई बार टूट चुकी है। अलबत्ता इसे ग्रामीणों ने कामचलाऊ व्यवस्था के तहत ठीक किया जा रहा है। नागरिकों ने प्रशासन से तत्काल मौका मुआयना कर सुरक्षा के उपाय करने की मांग की है। इधर प्रशासन का कहना है कि जल्द ही मौका मुआयना कर बचाव के कार्य कराए जाएंगे।
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