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भूमि विनियमितीकरण की समय सीमा एक साल बढ़ाई
Updated Sat, 14 Apr 2018 10:48 PM IST
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चंपावत। तहसीलदार पूर्णांगिरि पूनम पंत ने बताया है कि शासन की ओर से विनियमितीकरण की समय सीमा एक साल के बढ़ा दी गई है।
प्रदेश में विभिन्न श्रेणी की भूमि पर पट्टेदारों एवं अध्यासियों के अधिकारों को विनियमित किये जाने वाले जुलाई 2017 के पूर्व शासनादेशों में अतिक्रमण करते हुए विनियमितीकरण की समय सीमा एक वर्ष अर्थात 18 फरवरी 2019 तक प्रभावी कर दी गई है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में वर्ग-4 की भूमि के अवैध कब्जों एवं पट्टेदारों को भूमिधरी अधिकार प्रदान करते हुए विनियमितीकरण किया जाना, वर्ग-3 की भूमि के पट्टेदारों को भूमिधर के अधिकार प्रदान करते हुए विनियमित किए जाने संबंधी शासनादेश जुलाई 2017 तक की अवधि तक मान्य थे।
प्रदेश में विभिन्न श्रेणी की भूमि पर पट्टेदारों एवं अध्यासियों के अधिकारों को विनियमित किये जाने वाले जुलाई 2017 के पूर्व शासनादेशों में अतिक्रमण करते हुए विनियमितीकरण की समय सीमा एक वर्ष अर्थात 18 फरवरी 2019 तक प्रभावी कर दी गई है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में वर्ग-4 की भूमि के अवैध कब्जों एवं पट्टेदारों को भूमिधरी अधिकार प्रदान करते हुए विनियमितीकरण किया जाना, वर्ग-3 की भूमि के पट्टेदारों को भूमिधर के अधिकार प्रदान करते हुए विनियमित किए जाने संबंधी शासनादेश जुलाई 2017 तक की अवधि तक मान्य थे।