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शहीद स्मारक को पूरा होने का इंतजार
Updated Sun, 23 Sep 2018 10:44 PM IST
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चंपावत। गोरलचौड़ स्थित सैनिक कल्याण विभाग के परिसर में शुरू किया शहीद स्मारक बजट के अभाव में अब तक पूरा नहीं हो सका है।
चंपावत जिले में 72 शहीदों की याद में पूर्व सैनिक कल्याण विभाग परिसर में शहीद स्मारक का निर्माण शुरू किया गया था, लेकिन बजट की कमी के चलते दो साल से निर्माण कार्य बंद पड़ा है।
जिला सैनिक कल्याण अधिकारी डीएस गुसाई का कहना है कि शहीद स्मारक में रंगाई-पुताई, प्लेटफार्म निर्माण और शहीदों के नामों का अंकन बाकी है। कार्यदाई संस्था नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी अभिनव कुमार का कहना है कि धन नहीं होने से ये काम अधूरा है। बजट की मांग की गई है। जनवरी 2016 में यहां दौरे पर आए तत्कालीन मुख्यमंत्री हरीश रावत ने अधूरे पड़े शहीद स्मारक को पूरा करने के लिए चार लाख रुपये देने का एलान किया। लेकिन आज तक ये घोषणा पूरी नहीं हो सकी।
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चंपावत जिले में 72 शहीदों की याद में पूर्व सैनिक कल्याण विभाग परिसर में शहीद स्मारक का निर्माण शुरू किया गया था, लेकिन बजट की कमी के चलते दो साल से निर्माण कार्य बंद पड़ा है।
जिला सैनिक कल्याण अधिकारी डीएस गुसाई का कहना है कि शहीद स्मारक में रंगाई-पुताई, प्लेटफार्म निर्माण और शहीदों के नामों का अंकन बाकी है। कार्यदाई संस्था नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी अभिनव कुमार का कहना है कि धन नहीं होने से ये काम अधूरा है। बजट की मांग की गई है। जनवरी 2016 में यहां दौरे पर आए तत्कालीन मुख्यमंत्री हरीश रावत ने अधूरे पड़े शहीद स्मारक को पूरा करने के लिए चार लाख रुपये देने का एलान किया। लेकिन आज तक ये घोषणा पूरी नहीं हो सकी।
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