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सीडीओ ने दूरस्थ गांवों में जाकर की मनरेगा कार्यों की जांच
Updated Mon, 25 Dec 2017 11:33 PM IST
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चंपावत। सीडीओ शैलेंद्र सिंह बिष्ट ने वनराजि जनजाति बहुल गांव खिरद्वारी में आंगनबाड़ी केंद्र खोलने की कार्यवाही शुरू करने के निर्देश दिए हैं। जिले के दूरस्थ खिरद्वारी, चूका, सीम, फुरकियाजाला, लोडियाल सेरा, संगरूर आदि गांवों के भ्रमण पर पहुंचे सीडीओ ने इन गांवों में मनरेगा से कराए गए कार्यों की स्थलीय जांच की। वनराजि बहुल खिरद्वारी गांव में वनरावतों के लिए बनाए गए आवासों का भी निरीक्षण किया।
सीडीओ ने गांव की सीमा पर लधिया नदी से हो रहे कटाव को रोकने के लिए वायरक्रेट लगाने, पेयजल, सिंचाई के लिए गूल बनाने के प्रस्ताव कार्ययोजना में शामिल करने के निर्देश दिए। खिरद्वारी की ग्राम प्रधान लक्ष्मी देवी ने पंचायत भवन, पुलिया निर्माण की मांग उठाई। सीडीओ ने अधिकारियों को नाले में सीमेंट के ब्लॉक बनाकर कटाव कार्य रोकने, चूका में 20 मीटर लंबाई का पुल बनाने, लोडियाल सेरा में प्राथमिक स्कूल की छत की मरम्मत करने, संगरूर में पेयजल योजना का निर्माण करने, सीम में 350 मीटर लंबे सीसी मार्ग, पेयजल योजना के साथ ही फुरकियाजाला में सिंचाई गूल मरम्मत, भूमि कटाव रोकने के प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए।
गांव में पहली बार किसी जिला स्तरीय अधिकारी के पहुंचने से कौतूहल रहा। सभी ग्रामीण सीडीओ के समक्ष अपनी बात रखना चाह रहे थे। इस दौरान जिला पंचायत सदस्य उमाशंकर भट्ट, बसंत पुनेठा, बीडीसी सदस्य भुवन पांडेय, बच्चन अधिकारी आदि थे।
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शक्तिमान के माध्यम से खिरद्वारी तक पहुंचे सीडीओ
चंपावत। जिले के दूरस्थ क्षेत्र में स्थित वनराजि जनजाति के गांव खिरद्वारी पहुंचने के लिए सीडीओ को शक्तिमान वाहन का सहारा लेना पड़ा। क्षेत्र के गांवों में सड़क सुविधा न होने के कारण लधिया नदी में खनन कार्य में प्रयुक्त होने वाले शक्तिमान वाहन के जरिए ही नदी के रोखड़ में आवाजाही की जाती है। इस कारण सीडीओ भी इसी वाहन से खिरद्वारी पहुंचे।
सीडीओ ने गांव की सीमा पर लधिया नदी से हो रहे कटाव को रोकने के लिए वायरक्रेट लगाने, पेयजल, सिंचाई के लिए गूल बनाने के प्रस्ताव कार्ययोजना में शामिल करने के निर्देश दिए। खिरद्वारी की ग्राम प्रधान लक्ष्मी देवी ने पंचायत भवन, पुलिया निर्माण की मांग उठाई। सीडीओ ने अधिकारियों को नाले में सीमेंट के ब्लॉक बनाकर कटाव कार्य रोकने, चूका में 20 मीटर लंबाई का पुल बनाने, लोडियाल सेरा में प्राथमिक स्कूल की छत की मरम्मत करने, संगरूर में पेयजल योजना का निर्माण करने, सीम में 350 मीटर लंबे सीसी मार्ग, पेयजल योजना के साथ ही फुरकियाजाला में सिंचाई गूल मरम्मत, भूमि कटाव रोकने के प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए।
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गांव में पहली बार किसी जिला स्तरीय अधिकारी के पहुंचने से कौतूहल रहा। सभी ग्रामीण सीडीओ के समक्ष अपनी बात रखना चाह रहे थे। इस दौरान जिला पंचायत सदस्य उमाशंकर भट्ट, बसंत पुनेठा, बीडीसी सदस्य भुवन पांडेय, बच्चन अधिकारी आदि थे।
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शक्तिमान के माध्यम से खिरद्वारी तक पहुंचे सीडीओ
चंपावत। जिले के दूरस्थ क्षेत्र में स्थित वनराजि जनजाति के गांव खिरद्वारी पहुंचने के लिए सीडीओ को शक्तिमान वाहन का सहारा लेना पड़ा। क्षेत्र के गांवों में सड़क सुविधा न होने के कारण लधिया नदी में खनन कार्य में प्रयुक्त होने वाले शक्तिमान वाहन के जरिए ही नदी के रोखड़ में आवाजाही की जाती है। इस कारण सीडीओ भी इसी वाहन से खिरद्वारी पहुंचे।