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ओएफसी को ठीक करने में लग गए 21 घंटे
Updated Sat, 15 Dec 2018 10:52 PM IST
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चंपावत। शुक्रवार को ठप हुई भारत संचार निगम लिमिटेड (बीएसएनएल) की संचार सेवा को ठीक करने में पूरे 21 घंटे लग गए। शनिवार सुबह आठ बजे संचार सेवा ठीक हो सकी। बहरहाल इस पूरी अवधि में लोगों को भारी दुश्वारी झेलनी पड़ी। वहीं बीएसएनएल को भी राजस्व की चपत लगी है।
शुक्रवार सुबह 11 बजे से बीएसएनएल की सेवा ठप रहने से पाटी, लोहाघाट और चंपावत के बीएसएनएल के उपभोक्ता काफी परेशान रहे। जिले के पर्वतीय हिस्सों में करीब 55 हजार मोबाइल उपभोक्ताओं के अलावा हजारों ब्रॉडबैंड कनेक्शनधारी हैं। पूरे 21 घंटे तक मोबाइल, लैंडलाइन फोन के साथ ही ब्राडबैंड और इंटरनेट सेवा भी ठप रही।
नेट नहीं चलने से सरकारी कार्यालयों से लेकर बैंक, एटीएम आदि के काम में भी व्यवधान रहा। बीएसएनएल के तकनीकी अधिकारी हीराबल्लभ पलसाई ने बताया कि अल्मोड़ा-देवीधुरा के बीच ऑप्टीकल फाइबर केबिल (ओएफसी) में तकनीकी खामी आने से संचार सेवा बाधित रही। अल्मोड़ा से आई टीम ने भारी मशक्कत के बाद इस खामी को दूर किया। इसके बाद शनिवार सुबह आठ बजे व्यवस्था सुचारु हो सकी।
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शुक्रवार सुबह 11 बजे से बीएसएनएल की सेवा ठप रहने से पाटी, लोहाघाट और चंपावत के बीएसएनएल के उपभोक्ता काफी परेशान रहे। जिले के पर्वतीय हिस्सों में करीब 55 हजार मोबाइल उपभोक्ताओं के अलावा हजारों ब्रॉडबैंड कनेक्शनधारी हैं। पूरे 21 घंटे तक मोबाइल, लैंडलाइन फोन के साथ ही ब्राडबैंड और इंटरनेट सेवा भी ठप रही।
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नेट नहीं चलने से सरकारी कार्यालयों से लेकर बैंक, एटीएम आदि के काम में भी व्यवधान रहा। बीएसएनएल के तकनीकी अधिकारी हीराबल्लभ पलसाई ने बताया कि अल्मोड़ा-देवीधुरा के बीच ऑप्टीकल फाइबर केबिल (ओएफसी) में तकनीकी खामी आने से संचार सेवा बाधित रही। अल्मोड़ा से आई टीम ने भारी मशक्कत के बाद इस खामी को दूर किया। इसके बाद शनिवार सुबह आठ बजे व्यवस्था सुचारु हो सकी।
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