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तीन दिन बाद खुली नाइयों की दुकान

Mon, 20 Nov 2017 11:22 PM IST
Updated Mon, 20 Nov 2017 11:22 PM IST
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तीन दिन बाद खुली नाइयों की दुकान

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चंपावत। जिला मुख्यालय में बीते तीन दिन से बंद नाइयों की दुकानें सोमवार से खुल गई। अलबत्ता मीट की दुकानें बुधवार से खुलेंगी। यह निर्णय पुलिस प्रशासन, व्यापार संघ, नाइयों और मीट व्यापारियों के बीच हुई बैठक में लिया गया। बीते 17 नवंबर को लोहाघाट में गोवंश पशु का कटा सिर मिलने के बाद से कुछ लोगों ने नाइयों और मीट व्यापारियों के साथ मारपीट करने के बाद उनकी दुकानें बंद करवा दी थी।

सोमवार को कोतवाली में पुलिस क्षेत्राधिकारी (सीओ) पीएस कफलिया की अध्यक्षता में हुई बैठक में नाई और मीट की दुकानों को खोलने को लेकर सहमति बनी। हिंदू जागरण मंच जिलाध्यक्ष विवेक बिष्ट, मयूर बिष्ट और सुरेश जोशी ने गोवंश हत्या की घटना का पर्दाफाश होने तक नाई और मांस की दुकानें बंद रखने की मांग की। जबकि पुलिस प्रशासन का कहना था कि पुलिस मामले की तह तक जाने का प्रयास कर रही है। शीघ्र ही गोवंश हत्या का पर्दाफाश कर दिया जाएगा। उन्होंने तब तक लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की। सीओ कफलिया ने नाइयों और मांस व्यापारियों को पूरी सुरक्षा देने का आश्वासन दिया।
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बाद में बैठक में नाइयों की दुकानें सोमवार से और मांस की दुकानें बुधवार से खोले जाने पर सहमति जताई गई। दोपहर बाद नाईयों ने अपने प्रतिष्ठान खोल दिए। जिससे लोगों को राहत मिली। बैठक में कोतवाल सलाउद्दीन, पालिकाध्यक्ष प्रकाश तिवारी, व्यापार संघ अध्यक्ष अमरनाथ सक्टा, उपाध्यक्ष दीपक लारा, सचिव नवल जोशी, रवींद्र तड़ागी, अबरार अहमद, हनीफ, जहरी, नवाब, रहीस, गुलजार, नफीस अहमद, शमशाद मौजूद थे।
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