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साइबर स्पेस निबंध प्रतियोगिता में देश में प्रथम रहीं समीक्षा जोशी
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थराली ब्लॉक के सैरा विजयपुर गांव की समीक्षा जोशी ने भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) की साइबर स्पेस हिंदी निबंध प्रतियोगिता 2020 में अखिल भारतीय स्तर पर प्रथम स्थान हासिल किया है। जीजीआईसी थराली में बारहवीं कक्षा की छात्रा समीक्षा ने बीते अगस्त माह में इस ऑनलाइन प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया था। कलक्ट्रेट में डीएम स्वाति एस भदौरिया ने छात्रा समीक्षा को इस कामयाबी पर बधाई दी और प्रशस्तिपत्र और स्मृति चिह्न दिया गया। समीक्षा सिविल सर्विसेज में जाना चाहती हैं।
इसरो ने देश की प्रतिभाओं को बढ़ावा देने के लिए गत अगस्त माह में ऑनलाइन साइबर स्पेस प्रतियोगिताएं आयोजित की थीं। इन प्रतियोगिताओं के पहले वर्ग में पहली से तीसरी कक्षा के छात्रों के लिए चित्रकला, चौथी से आठवीं कक्षा के छात्रों के लिए विज्ञान शिल्प या मॉडल्स और तीसरे वर्ग में नौवीं से 12वीं कक्षा तक के छात्र-छात्राओं के लिए निबंध प्रतियोगिता से लेकर प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता आयोजित की थी। निबंध में समीक्षा जोशी ने पूरे देश में पहला स्थान हासिल कर जिले को गौरवान्वित किया है। बृहस्पतिवार को सम्मान पाकर समीक्षा उत्साहित नजर आईं। डीएम के पूछने पर समीक्षा ने सिविल सर्विसेज में जाने की इच्छा जताई, जिस पर डीएम ने उसे हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया। छात्रा के पिता शंभू प्रसाद जोशी ने कहा कि समीक्षा पढ़ाई में होनहार है और हाईस्कूल की परीक्षा में वह 94 प्रतिशत अंकों के साथ उत्तीर्ण हुईं।
समीक्षा ने अंतरिक्ष पर्यटन पर दिया जोर...
समीक्षा जोशी ने पृथ्वी पर आने वाले दो दशकों में क्या-क्या चुनौतियां एवं संभावनाओं के बारे में लिखा। छात्रा ने निबंध में लिखा कि भारत में अंतरिक्ष पर्यटन को बढ़ावा दिया जाना चाहिए। अमेरिकन और यूरोपियन देशों की कंपनियां अंतरिक्ष पर्यटन पर ज्यादा फोकस दे रही हैं, जबकि भारत अभी तक इस पर विचार कर रहा है। जिस हिसाब से पृथ्वी पर जनसंख्या बढ़ रही है, उस स्थिति में दूसरे गृह पर जीवन ढूंढना बहुत जरूरी हो गया है। मंगल गृह पर भारत को अपनी पहुंच बनानी होगी। हमारे पास अंतरिक्ष यान के ढांचे तो हैं, लेकिन पुन: उपयोगी नहीं हैं। अंतरिक्ष में जाना हमारे लिए अभी बहुत महंगा है। इसे कम करने के उपाय करने होंगे। ब्यूरो
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इसरो ने देश की प्रतिभाओं को बढ़ावा देने के लिए गत अगस्त माह में ऑनलाइन साइबर स्पेस प्रतियोगिताएं आयोजित की थीं। इन प्रतियोगिताओं के पहले वर्ग में पहली से तीसरी कक्षा के छात्रों के लिए चित्रकला, चौथी से आठवीं कक्षा के छात्रों के लिए विज्ञान शिल्प या मॉडल्स और तीसरे वर्ग में नौवीं से 12वीं कक्षा तक के छात्र-छात्राओं के लिए निबंध प्रतियोगिता से लेकर प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता आयोजित की थी। निबंध में समीक्षा जोशी ने पूरे देश में पहला स्थान हासिल कर जिले को गौरवान्वित किया है। बृहस्पतिवार को सम्मान पाकर समीक्षा उत्साहित नजर आईं। डीएम के पूछने पर समीक्षा ने सिविल सर्विसेज में जाने की इच्छा जताई, जिस पर डीएम ने उसे हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया। छात्रा के पिता शंभू प्रसाद जोशी ने कहा कि समीक्षा पढ़ाई में होनहार है और हाईस्कूल की परीक्षा में वह 94 प्रतिशत अंकों के साथ उत्तीर्ण हुईं।
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समीक्षा ने अंतरिक्ष पर्यटन पर दिया जोर...
समीक्षा जोशी ने पृथ्वी पर आने वाले दो दशकों में क्या-क्या चुनौतियां एवं संभावनाओं के बारे में लिखा। छात्रा ने निबंध में लिखा कि भारत में अंतरिक्ष पर्यटन को बढ़ावा दिया जाना चाहिए। अमेरिकन और यूरोपियन देशों की कंपनियां अंतरिक्ष पर्यटन पर ज्यादा फोकस दे रही हैं, जबकि भारत अभी तक इस पर विचार कर रहा है। जिस हिसाब से पृथ्वी पर जनसंख्या बढ़ रही है, उस स्थिति में दूसरे गृह पर जीवन ढूंढना बहुत जरूरी हो गया है। मंगल गृह पर भारत को अपनी पहुंच बनानी होगी। हमारे पास अंतरिक्ष यान के ढांचे तो हैं, लेकिन पुन: उपयोगी नहीं हैं। अंतरिक्ष में जाना हमारे लिए अभी बहुत महंगा है। इसे कम करने के उपाय करने होंगे। ब्यूरो
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