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Chamoli News: सैन्य सम्मान के साथ हुई जवान की अंत्येष्टि
Thu, 01 Feb 2024 07:44 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
Updated Thu, 01 Feb 2024 07:44 PM IST
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थराली। सुनला गांव निवासी शहीद उमेद सिंह को अंतिंम सलामी देते सेना के जवान
लेह में डयूटी के दौरान हो गया था निधन
संवाद न्यूज एजेंसी
थराली। 14 गढ़वाल राइफल में तैनात सुनला निवासी नायब सूबेदार उम्मेद सिंह (42) का लेह में डयूटी के दौरान निधन हो गया था। बृहस्पतिवार को उनका पार्थिव शरीर गांव पहुंचा तो अंतिम दर्शन के लिए ग्रामीण की भीड़ उमड़ रही। पैतृक घाट पर सैन्य सम्मान के साथ उनकी अंत्येष्टि की गई। मुखाग्नि उनके बेटे ध्रुव ने दी। इस दौरान उम्मेद सिंह अमर रहे..., जब तक सूरज चांद रहेगा उम्मेद तेरा नाम रहेगा... के नारों से पिंडर घाटी गूंज उठी। उनके निधन के शोक में थराली बाजार आधा दिन बंद रहा।
बृहस्पतिवार को 14 गढ़वाल राइफल के चार अधिकारी और आठ जवान उम्मेद का पार्थिव शरीर लेकर सुनला गांव पहुंचे। जैसे ही उम्मेद सिंह का पार्थिव शरीर सैन्य वाहन में तिरंगे में लिपटा गांव पहुंचा तो परिजन बिलख-बिलख कर रो पड़े। देहरादून से पत्नी और बच्चे भी गांव पहुंच गए थे। पत्नी का रो-रो कर बुरा हाल हो गया। उन्हें अंतिम विदाई देने के लिए सैकड़ों लोग उमड़े। इसके बाद पैतृक घाट पर उनकी अंत्येष्टि की गई। मेजर सुरेश सुलई ने सैन्य सलामी दी। उनका का बेटा ध्रुव कक्षा आठ और बेटी नैना कक्षा 9 में पढ़ती है। पिता भूपाल सिंह और मां गांव में रहती है। अंत्येष्टि में पूर्व सैनिक संगठन नारायणबगड़ के अध्यक्ष त्रिलोक सिंह, थराली के राजेंद्र खत्री, मंडल अध्यक्ष बीजेपी नंदू बहगुणा, सुशील रावत, देवी जोशी, अनिल देवराड़ी, भरत नेगी आदि मौजूद थे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
थराली। 14 गढ़वाल राइफल में तैनात सुनला निवासी नायब सूबेदार उम्मेद सिंह (42) का लेह में डयूटी के दौरान निधन हो गया था। बृहस्पतिवार को उनका पार्थिव शरीर गांव पहुंचा तो अंतिम दर्शन के लिए ग्रामीण की भीड़ उमड़ रही। पैतृक घाट पर सैन्य सम्मान के साथ उनकी अंत्येष्टि की गई। मुखाग्नि उनके बेटे ध्रुव ने दी। इस दौरान उम्मेद सिंह अमर रहे..., जब तक सूरज चांद रहेगा उम्मेद तेरा नाम रहेगा... के नारों से पिंडर घाटी गूंज उठी। उनके निधन के शोक में थराली बाजार आधा दिन बंद रहा।
बृहस्पतिवार को 14 गढ़वाल राइफल के चार अधिकारी और आठ जवान उम्मेद का पार्थिव शरीर लेकर सुनला गांव पहुंचे। जैसे ही उम्मेद सिंह का पार्थिव शरीर सैन्य वाहन में तिरंगे में लिपटा गांव पहुंचा तो परिजन बिलख-बिलख कर रो पड़े। देहरादून से पत्नी और बच्चे भी गांव पहुंच गए थे। पत्नी का रो-रो कर बुरा हाल हो गया। उन्हें अंतिम विदाई देने के लिए सैकड़ों लोग उमड़े। इसके बाद पैतृक घाट पर उनकी अंत्येष्टि की गई। मेजर सुरेश सुलई ने सैन्य सलामी दी। उनका का बेटा ध्रुव कक्षा आठ और बेटी नैना कक्षा 9 में पढ़ती है। पिता भूपाल सिंह और मां गांव में रहती है। अंत्येष्टि में पूर्व सैनिक संगठन नारायणबगड़ के अध्यक्ष त्रिलोक सिंह, थराली के राजेंद्र खत्री, मंडल अध्यक्ष बीजेपी नंदू बहगुणा, सुशील रावत, देवी जोशी, अनिल देवराड़ी, भरत नेगी आदि मौजूद थे।
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