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मूसलाधार बारिश से बागेश्वर में दो मकान क्षतिग्रस्त
अमर उजाला ब्यूरो बागेश्वर।
Updated Sun, 25 Jun 2017 10:39 PM IST
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अडोली के पास आए मलबे को हटाती जेसीबी।
- फोटो : amar ujala
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जिले में शनिवार रात हुई मूसलाधार बारिश के चलते दो मकान और एक गोशाला क्षतिग्रस्त हो गई। गोशाला की दीवार की चपेट में आकर एक बकरी की मौत हो गई, जबकि बिजली गिरने से एक भैंस मर गई। भारी मात्रा में मलबा और चट्टान खिसकने से बालीघाट-रीमा-धरमघर सहित पांच सड़कें बंद हो गई। इनमें से चार सड़कें खोल दी गई हैं, जबकि बाछम सड़क को खोलने का काम चल रहा है। इधर, आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार बागेश्वर में 15 एमएम, कपकोट में 10 एमएम और गरुड़ में 10 एमएम बारिश रिकार्ड की गई।
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शनिवार रात हुई मूसलाधार बारिश से गरुड़ में ललिता प्रसाद के मकान से लगी गोशाला आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गई। पत्थरों में दबने से एक बकरी की मौत हो गई। सिरकोट गांव में रधुली देवी का मकान आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हो गया। कफलढुंगा में बिजली गिरने से पननाथ की दुधारू भैंस की मौत हो गई। ग्रामीणों की सूचना पर राजस्व विभाग ने मौका मुआयना कर क्षति का आकलन किया। मूसलाधार बारिश से चट्टान खिसकने से बालीघाट-रीमा-धरमघर मोटर मार्ग बनलेख के पास बंद हो गया।
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दोपहर करीब दो बजे के बाद सड़क से मलबा हटाया जा सका। इस दौरान मैदानी क्षेत्रों को जाने वाले लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कांडा-मंतोली सड़क पर भी मलबा आने से करीब छह घंटे यातायात ठप रहा। उधर, समाचार लिखे जाने तक बाछम सड़क यातायात के लिए नहीं खुल सकी थी। इसके अलावा बागेश्वर-गरुड़ सड़क पर जांगड़ के पास अडोली नामक स्थान पर और बागेश्वर-कांडा सड़क पर मनकोट के पास भी मलबा गिरा। जेसीबी की मदद से मलबा हटाकर यातायात बहाल किया गया। इधर, बारिश से बागेश्वर शहर में भी सड़कों की नालियां मलबे से भर गईं। सुबह नगर पालिका के कर्मचारियों ने नालियों को खोला। मूसलाधार बारिश से सरयू और गोमती नदियों का जलस्तर भी बढ़ गया।
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