फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Bageshwar News ›   The festival starts in the temple of the god Bnjyan Tryodshi

बंज्यैण देवता के मंदिर में त्रयोदशी का मेला शुरू

Mon, 23 Nov 2015 10:32 PM IST
ब्यूरो /अमर उजाला, कपकोट (बागेश्वर)।
ब्यूरो /अमर उजाला, कपकोट (बागेश्वर)। Updated Mon, 23 Nov 2015 10:32 PM IST
विज्ञापन
The festival starts in the temple of the god Bnjyan Tryodshi

 सोमवार भनार ग्राम पंचायत स्थित श्री श्री 1008 बंज्यैण देवता के मंदिर में लगने वाला क्षेत्र का सुप्रसिद्ध त्रयोदशी का मेला शुरू हो गया है। मंदिर में पूजार्थियों की भीड़ उमड़ पड़ी। मुख्यमंत्री हरीश रावत, विधायक ललित फर्स्वाण समेत बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने पूजा अर्चना की। सीएम ने बंज्यैण देवता से राज्य की खुशहाली और सुख शांति की प्रार्थना की।

विज्ञापन


 बंज्यैण देवता ने अवतरित होकर सीएम को आशीर्वाद दिया। सभा को संबोधित करते हुए सीएम रावत ने कहा कि मूलनारायण, बंज्यैण और नौलिंग देवताओं के मंदिरों के विकास के लिए समिति गठित होगी इन मंदिरों को तीर्थांटन से जोड़ा जाएगा।
विज्ञापन


 यहां विधायक ललित फर्स्वाण, कांग्रेस जिलाध्यक्ष सुनील भंडारी, भुवन चंद्र पाठक, राजेंद्र टंगडिया, हेमा पाठक, भगत डसीला, मुन्ना पांडे, राजेंद्र परिहार प्रवीण कोरंगा, नरेंद्र कोरंगा आदि थे। यहां पहुंचने पर मंदिर कमेटी और कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया।
विज्ञापन
विज्ञापन


सोमवार दोपहर भनार ग्राम पंचायत, महरगाड़ घाटी समेत आसपास के गांवों के श्रद्धालु ढोल नगाडों, झांझर, बुखौर, शंख, घंटियों के साथ बंज्यैण देवता के जयकारे के साथ मंदिर परिसर पहुंचे। मंदिर की परिक्रमा के बाद पंडितों ने विभिन्न गांवों से आए गाय के दूध, दही, घी, शहद, चीनी का मंत्रोच्चार के जरिए पंचामृत बनाया।

 पंचामृत से बंज्यैण देवता को स्नान कराने के बाद में मंदिर में पूजा अर्चना शुरू हुई। मंदिर में सबसे पहले कोश्यारी परिवारों की सीख भेंट चढ़ाने की परंपरा पुरानी है। उनके द्वारा भेंट अर्पित करते ही मंदिर में पूजार्थियों की भीड़ उमड़ पड़ी। श्रद्धालुओं ने अपनी मनौती पूरी होने पर मंदिर में घंटियां और चांदी के छत्र अर्पित किए।

अपराह्न सनगाड़ गांव से बंज्यैण देवता के भाई श्री श्री 1008 नौलिंग देवता के डंगरिए गाजे बाजे के साथ मंदिर पहुंचे। शोभायात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल थे। देर रात तक पांच महाआरतियां हुईं। बंज्यैण और नौलिंग देवता के डंगरियों ने अवतरित होकर लोगों को  वरदान दिए। यहां भंडारे का आयोजन किया गया था।

जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। पुजारी प्रेम सिंह धामी और उनके सहायक बलवंत कोरंगा ने लोगों को प्रसाद बांटा। मंदिर पहुंचकर पूर्व मंत्री बलवंत भौर्याल, पूर्व विधायक शेर सिंह गढ़िया, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष शाही, पूर्व बीडीसी सदस्य नरेंद्र कोरंगा आदि ने पूजा अर्चना की।


ग्राम प्रधान पार्वती देवी, बीडीसी सदस्य नंदी देवी, जिला पंचायत सदस्य हेमा पाठक, सामाजिक कार्यकर्ता महिपाल कोरंगा ने बताया कि 24 नवंबर के ब्रह्ममुहूर्त में स्नान करके देव डांगर और श्रद्धालुजन गाजे बाजे के साथ शिखर पर्वत स्थित श्री श्री 1008 मूल नारायण के मंदिर जाएंगे। वहां भंडारे का आयोजन होगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed