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अधिकारियों को दी आपदा न्यूनीकरण की ट्रेनिंग
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, बागेश्वर।
Updated Wed, 30 Nov 2016 12:03 AM IST
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आपदा प्रबंधन जरूरी
- फोटो : अमर उजाला
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बागेश्वर। देहरादून से आई आपदा प्रबंधन न्यूनीकरण की टीम ने विभागीय अधिकारियों के साथ आपदा जोखिम आकलन के बारे में बैठक की। टीम ने अधिकारियों को प्रोजेक्टर के जरिए आपदा जोखिम आकलन की जानकारी दी। कलक्ट्रेट सभागार में ग्रुप लीडर टॉम बुरकिट ने और जोखिम प्रबंधन के परामर्शदाता पीडी माथुर ने कहा कि राज्य की भूगर्भीय संरचना अत्यधिक वर्षा आदि कारणों से इसे प्राकृतिक घटनाओं के प्रति अत्यधिक संवेदनशील बनाते हैं।
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इसमें भूकंप, भूस्खलन, त्वरित बाढ़, बादल फटना आदि घटनाएं प्रमुख हैं। पिछले कुछ वर्षों में इन घटनाओं में अत्यधिक वृद्धि हुई है, जिस कारण राज्य में जानमाल एवं मूलभूत संरचनाओं को काफी क्षति हुई है। मुख्य कारण जनसंख्या वृद्धि, अनियोजित विकास प्रमुख हैं। राज्य का समग्र आर्थिक, सामाजिक एवं पर्यावरणीय विकास तभी संभव है जब हम इन प्राकृतिक आपदाओं के खतरे को भांपते हुए समाज की प्रतिरोधक क्षमता में वृद्धि करें।
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कहा कि सरकार ने विश्व बैंक के सहयोग से राज्य पुनर्वास परियोजना के अंतर्गत संपूर्ण राज्य का आपदा जोखिम आकलन विषय विशेषज्ञों द्वारा निष्पादित करने का निर्णय लिया है ताकि राज्य में अव्यवस्थित महत्वपूर्ण अवसंरचनाओं एवं समाज के प्रति प्राकृतिक खतरों को भांपते हुए एक सुरक्षित भविष्य की नींव रखी जा सके।
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इसके तहत राज्य के सभी जिलों में एक सर्वे कार्य शुरू की किया जा रहा है, इसमें सरकारी, गैर सरकारी, रिहायशी मकान, व्यापारिक प्रतिष्ठान, स्कूल, कॉलेज एवं अन्य भवनों का संरचनात्मक सर्वे किया जाएगा। इसके तहत एक विस्तृत जोखिम आकलन होगा, जिसका उपयोग विकास योजनाओं में एक आपदा प्रतिरोधक समाज की स्थापना की जाएगी।
माथुर ने बताया कि इस कार्य के लिए सरकार ने सिंगापुर की संस्था डीएचआई को चयनित किया है जो कि अपनी तकनीकी सहयोगी ईआरएन मैक्सिको, एशियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एवं अर्थ ऑब्जर्वेटरी ऑफ सिंगापुर के साथ मिलकर करेंगे। विभागीय अधिकारियों से इस कार्य में अहम भूमिका निभाने की अपील की और वेबसाइट पर अपनी राय, सुझाव भेजने को कहा।
बैठक में डीएम ने सभी विभागीय अधिकारियों को अपने विभाग से संबंधित डाटा का सही आकलन कर आपदा प्रबंधन को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। डीएम मंगेश घिल्डियाल की अध्यक्षता में हुई बैठक में एडीएम एसएस जंगपांगी, डीएफओ एमबी सिंह, एसडीएम गरुड़ रविंद्र सिंह बिष्ट, कपकोट एनएस नगन्याल, सीएमओ संजय साह, डीपीआरओ पूनम पाठक, अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत राजेश कुमार आदि थे।