{"_id":"630d046ec8b9e001a92f93af","slug":"bail-granted-for-one-arrested-in-fraud-case-bageshwar-news-hld473964631","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिला एवं सत्र न्यायालय ने धोखाधड़ी के आरोपी को दी जमानत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिला एवं सत्र न्यायालय ने धोखाधड़ी के आरोपी को दी जमानत
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागेश्वर। जिला एवं सत्र न्यायाधीश एसएमडी दानिश की अदालत ने धोखाधड़ी के आरोपी का जमानत प्रार्थनापत्र स्वीकार करते हुए 50-50 हजार के दो जमानती और 50 हजार रुपये का व्यक्तिगत बंधपत्र प्रस्तुत करने पर जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया है।
बागेश्वर के दारी निवासी राजकीय ठेकेदार गोपाल सिंह टंगड़िया ने एक जुलाई 2022 बागेश्वर कोतवाली में दी तहरीर में बहेड़ी निवासी मजदूर अनूप पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया। कहा कि उन्होंने जिले के सात रतबे सड़क पर पेचवर्क का कार्य लिया था। उनसे उक्त मजदूर ने संपर्क किया। उनके (टंगड़िया) के मित्र अशोक कुमार से भी उक्त मजदूर ने कई बार बात की।
वादी ने आरोपी से सड़क पर डामर करने और मजदूर उपलब्ध कराने के संबंध में बात हुई। आरोपी ने इसके लिए कुछ रकम अग्रिम भेजने को कहा। वादी ने आरोपी के बैंक खाते में 49000 रुपये भेजे। वादी के मित्र अशोक कुमार ने 30000 की रकम आरोपी के खाते में भेजी। कुल 70 हजार की रकम एडवांस में भेजी गई।
विज्ञापन
मजदूर अनूप का मोबाइल नंबर बंद आने लगा। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी की धारा में मुकदमा दर्ज किया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी वर्तमान में अल्मोड़ा जेल में बंद है। सोमवार को जिला एवं सत्र न्यायालय ने आरोपी का जमानत प्रार्थनापत्र स्वीकार किया। आरोपी की ओर से जमानत प्रार्थनापत्र पर बहस अधिवक्ता चंद्रशेखर मिश्रा ने की। इससे पहले मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत ने आरोपी का जमानत प्रार्थनापत्र खारिज कर दिया था।
विज्ञापन
बागेश्वर के दारी निवासी राजकीय ठेकेदार गोपाल सिंह टंगड़िया ने एक जुलाई 2022 बागेश्वर कोतवाली में दी तहरीर में बहेड़ी निवासी मजदूर अनूप पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया। कहा कि उन्होंने जिले के सात रतबे सड़क पर पेचवर्क का कार्य लिया था। उनसे उक्त मजदूर ने संपर्क किया। उनके (टंगड़िया) के मित्र अशोक कुमार से भी उक्त मजदूर ने कई बार बात की।
विज्ञापन
वादी ने आरोपी से सड़क पर डामर करने और मजदूर उपलब्ध कराने के संबंध में बात हुई। आरोपी ने इसके लिए कुछ रकम अग्रिम भेजने को कहा। वादी ने आरोपी के बैंक खाते में 49000 रुपये भेजे। वादी के मित्र अशोक कुमार ने 30000 की रकम आरोपी के खाते में भेजी। कुल 70 हजार की रकम एडवांस में भेजी गई।
विज्ञापन
मजदूर अनूप का मोबाइल नंबर बंद आने लगा। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी की धारा में मुकदमा दर्ज किया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी वर्तमान में अल्मोड़ा जेल में बंद है। सोमवार को जिला एवं सत्र न्यायालय ने आरोपी का जमानत प्रार्थनापत्र स्वीकार किया। आरोपी की ओर से जमानत प्रार्थनापत्र पर बहस अधिवक्ता चंद्रशेखर मिश्रा ने की। इससे पहले मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत ने आरोपी का जमानत प्रार्थनापत्र खारिज कर दिया था।