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देवतोली गांव में भालू के दिखाई देने से दहशत
Updated Thu, 11 Jan 2018 10:29 PM IST
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बागेश्वर। कमस्यारघाटी के सुदूरवर्ती देवतोली गांव में तेंदुए के बाद अब भालू भी दिखाई देने लगे हैं। बुधवार सुबह करीब 9:40 बजे बगराटी गांव की प्रेमा रौतेला लकड़ी बीनने के लिए राइंका देवतोली के परिसर के पास गई थी। उसे वहां से लाल सिंह डसीला के घर के पास भालू दिखाई दिया।
महिला के होहल्ला करने पर वहां ग्रामीण एकत्र हो गए। लोगों के शोर मचाने पर भालू पहले स्कूल परिसर में छिप गया और मौका मिलते ही जंगल में भाग गया। बता दें कि इससे पहले भंडारीगांव के सोहन सिंह भंडारी, शंकर सिंह बोरा ने भालू को भंडारीगांव और बगराटी की सीमा पर देखा था। गांव में भालू के धमकने से ग्रामीणों में भय का माहौल है।
वनकर्मी ठाकुर सिंह डसीला ने बताया कि भालू कभी-कभी बांज के बीज लिखमार और अन्य जंगली फलों को खाने के लिए बांज के जंगल की ओर आ जाते हैं। कई बार जंगलों में लगी आग से बचने के लिए जानवर रिहायशी क्षेत्र में आ जाते हैं। उन्होंने ग्रामीणों से जंगलों को आग से सुरक्षा करने में विभाग को सहयोग देने की अपील की है।
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महिला के होहल्ला करने पर वहां ग्रामीण एकत्र हो गए। लोगों के शोर मचाने पर भालू पहले स्कूल परिसर में छिप गया और मौका मिलते ही जंगल में भाग गया। बता दें कि इससे पहले भंडारीगांव के सोहन सिंह भंडारी, शंकर सिंह बोरा ने भालू को भंडारीगांव और बगराटी की सीमा पर देखा था। गांव में भालू के धमकने से ग्रामीणों में भय का माहौल है।
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वनकर्मी ठाकुर सिंह डसीला ने बताया कि भालू कभी-कभी बांज के बीज लिखमार और अन्य जंगली फलों को खाने के लिए बांज के जंगल की ओर आ जाते हैं। कई बार जंगलों में लगी आग से बचने के लिए जानवर रिहायशी क्षेत्र में आ जाते हैं। उन्होंने ग्रामीणों से जंगलों को आग से सुरक्षा करने में विभाग को सहयोग देने की अपील की है।
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