{"_id":"5c02d193bdec2241486fca29","slug":"201543688595-bageshwar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मरीजों के साथ ही तीमारदार भी परेशान दिखे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मरीजों के साथ ही तीमारदार भी परेशान दिखे
Updated Sat, 01 Dec 2018 11:53 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कपकोट (बागेश्वर)। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कपकोट में अव्यवस्थाओं का अंबार लगा हुआ है। अस्पताल के पास एक ही एंबुलेंस है। गडेरा गांव के फूड प्वाइजनिंग के आठ मरीजों को शनिवार को एक ही एंबुलेंस में ठूस कर अस्पताल लाया गया। वहां पर मरीजों को ठंड से बचाने के भी कोई इंतजाम नहीं थे। अस्पताल की अव्यवस्थाओं के चलते मरीजों के साथ ही तीमारदार भी परेशान रहे।
गडेरा गांव के फूड प्वाइजिंग पीड़ित कुंदन के भाई गणेश सिंह का कहना है कि अस्पताल के शौचालयों में पानी की पर्याप्त व्यवस्था होनी चाहिए। अस्पताल में जीवन रक्षक हर दवाई का इंतजाम होना चाहिए।
प्रेमा की तीमारदार मालती देवी का कहना है कि अस्पताल में मरीजों को ठंड से बचाने के लिए पर्याप्त मात्रा में कंबल और बिजली के हीटरों की व्यवस्था की जानी चाहिए।
विज्ञापन
नारायण सिंह ने बताया कि अस्पताल के पास सिर्फ एक ही एंबुलेंस है। शनिवार सुबह 108 में एक साथ आठ मरीजों को लादकर लाना पड़ा। शासन को भविष्य में ऐसी स्थिति से निपटने के लिए इंतजाम करने चाहिए।
मरीज पुष्कर के साथ आई मानुली देवी का कहना है कि अस्पताल मेें डाक्टरों और कर्मचारियों की पर्याप्त व्यवस्था होनी चाहिए। स्वास्थ्य की जांच के लिए एक्सरे और अल्ट्रासाउंड मशीन चलाने के लिए नियमित ऑपरेटर भी होने चाहिए।
विज्ञापन
गडेरा गांव के फूड प्वाइजिंग पीड़ित कुंदन के भाई गणेश सिंह का कहना है कि अस्पताल के शौचालयों में पानी की पर्याप्त व्यवस्था होनी चाहिए। अस्पताल में जीवन रक्षक हर दवाई का इंतजाम होना चाहिए।
विज्ञापन
प्रेमा की तीमारदार मालती देवी का कहना है कि अस्पताल में मरीजों को ठंड से बचाने के लिए पर्याप्त मात्रा में कंबल और बिजली के हीटरों की व्यवस्था की जानी चाहिए।
विज्ञापन
नारायण सिंह ने बताया कि अस्पताल के पास सिर्फ एक ही एंबुलेंस है। शनिवार सुबह 108 में एक साथ आठ मरीजों को लादकर लाना पड़ा। शासन को भविष्य में ऐसी स्थिति से निपटने के लिए इंतजाम करने चाहिए।
मरीज पुष्कर के साथ आई मानुली देवी का कहना है कि अस्पताल मेें डाक्टरों और कर्मचारियों की पर्याप्त व्यवस्था होनी चाहिए। स्वास्थ्य की जांच के लिए एक्सरे और अल्ट्रासाउंड मशीन चलाने के लिए नियमित ऑपरेटर भी होने चाहिए।