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Almora News: नई पर्यटन नीति में कौसानी के प्रति उदासीन रुख से पर्यटन कारोबारियों झटका
Wed, 12 Apr 2023 11:43 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
Updated Wed, 12 Apr 2023 11:43 PM IST
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गरुड़ (बागेश्वर) । उत्तराखंड सरकार की नई पर्यटन नीति में मिनी स्विट्जरलैंड कौसानी और विकास खंड गरुड़ को बी श्रेणी में शामिल करने से पर्यटन विकास से जुड़े होटल कारोबारियों और यहां पर्यटन कारोबार करने के इच्छुक शिक्षित बेरोजगारों को सरकार से अब मात्र 35 प्रतिशत अनुदान मिलेगा। उत्तराखंड सरकार के पर्यटन निदेशालय ने हाल ही में जारी नई पर्यटन नीति के तहत प्रदेश को तीन श्रेणियों में बांटा है।
सरकार नई नीति के तहत श्रेणी के आधार पर पूंजी निवेश पर अनुदान देगी। इसमें श्रेणी-ए क्षेत्रों में 25 प्रतिशत अनुदान, श्रेणी-बी में चयनित क्षेत्रों में 35 फीसदी और श्रेणी-सी के क्षेत्रों के पर्यटन क्षेत्र में निवेश करने पर 50 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा। जिला पर्यटन अधिकारी कीर्ति आर्या ने बताया कि नई पर्यटन नीति लागू हो गई है। बीसूका के पूर्व जिला उपाध्यक्ष और कांग्रेस नेता भुवन पाठक और होटल एसोसिएशन कौसानी के जिलाध्यक्ष बबलू नेगी का कहना है कि नई पर्यटन नीति में जिले का प्रमुख पर्यटक स्थल कौसानी और गरुड़ विकायखंड को बी श्रेणी में रखकर सरकार यहां पर्यटन कारोबार को विकसित करने के प्रति उदासीन रुख है। जबकि कौसानी बागेश्वर जिले के प्रमुख पर्यटक स्थलों में शुमार है।
ये हैं शहरों की तीन श्रेणियां श्रेणी-
ए: हरिद्वार, नैनीताल और ऊधमसिंह नगर, देहरादून, रानीखेत, अल्मोड़ा तहसील।
श्रेणी-बी: जिला अल्मोड़ा शेष क्षेत्र, देहरादून जिले की कालसी, चकराता और त्यूनी तहसील, बागेश्वर का गरुड़, पौड़ी जिले का कोटद्वार, लैंसडौन, यमकेश्वर और धूमाकोट तहसील, टिहरी गढ़वाल की धनौल्टी और नरेंद्रनगर तहसील।
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श्रेणी-सी: उत्तरकाशी, चमोली, चंपावत, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, बागेश्वर जिले का शेष क्षेत्र, पौड़ी और टिहरी जिले के वे शेष क्षेत्र जो श्रेणी-बी में शामिल नहीं हैं। संवाद
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सरकार नई नीति के तहत श्रेणी के आधार पर पूंजी निवेश पर अनुदान देगी। इसमें श्रेणी-ए क्षेत्रों में 25 प्रतिशत अनुदान, श्रेणी-बी में चयनित क्षेत्रों में 35 फीसदी और श्रेणी-सी के क्षेत्रों के पर्यटन क्षेत्र में निवेश करने पर 50 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा। जिला पर्यटन अधिकारी कीर्ति आर्या ने बताया कि नई पर्यटन नीति लागू हो गई है। बीसूका के पूर्व जिला उपाध्यक्ष और कांग्रेस नेता भुवन पाठक और होटल एसोसिएशन कौसानी के जिलाध्यक्ष बबलू नेगी का कहना है कि नई पर्यटन नीति में जिले का प्रमुख पर्यटक स्थल कौसानी और गरुड़ विकायखंड को बी श्रेणी में रखकर सरकार यहां पर्यटन कारोबार को विकसित करने के प्रति उदासीन रुख है। जबकि कौसानी बागेश्वर जिले के प्रमुख पर्यटक स्थलों में शुमार है।
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ये हैं शहरों की तीन श्रेणियां श्रेणी-
ए: हरिद्वार, नैनीताल और ऊधमसिंह नगर, देहरादून, रानीखेत, अल्मोड़ा तहसील।
श्रेणी-बी: जिला अल्मोड़ा शेष क्षेत्र, देहरादून जिले की कालसी, चकराता और त्यूनी तहसील, बागेश्वर का गरुड़, पौड़ी जिले का कोटद्वार, लैंसडौन, यमकेश्वर और धूमाकोट तहसील, टिहरी गढ़वाल की धनौल्टी और नरेंद्रनगर तहसील।
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श्रेणी-सी: उत्तरकाशी, चमोली, चंपावत, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, बागेश्वर जिले का शेष क्षेत्र, पौड़ी और टिहरी जिले के वे शेष क्षेत्र जो श्रेणी-बी में शामिल नहीं हैं। संवाद